भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व सलामी बल्लेबाज और वर्तमान कोच गौतम गंभीर शुक्रवार सुबह उज्जैन स्थित विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर पहुंचे। उन्होंने यहां तड़के 4 बजे होने वाली भस्म आरती में हिस्सा लिया और नंदी हॉल में बैठकर बाबा महाकाल का ध्यान किया। इस दौरान वे पूरी तरह शिव भक्ति में लीन नजर आए।
गंभीर गुरुवार रात को ही उज्जैन पहुंच गए थे। सुबह करीब 4 बजे वह मंदिर परिसर में दाखिल हुए और सीधे भस्म आरती में शामिल होने के लिए नंदी हॉल पहुंचे। आरती के दौरान उन्होंने लगातार ‘ओम नमः शिवाय’ का जाप किया। करीब ढाई घंटे मंदिर परिसर में बिताने के बाद वह सुबह 6:30 बजे वहां से रवाना हुए।
देश की मजबूती के लिए की प्रार्थना
दर्शन के बाद गौतम गंभीर ने मीडिया से संक्षिप्त बातचीत की। उन्होंने बताया कि बाबा महाकाल से उन्होंने देश की प्रगति और मजबूती के लिए आशीर्वाद मांगा है।
“मैंने बाबा महाकाल से प्रार्थना की है कि सब खुश रहें, देश आगे बढ़े और हम मजबूत बनें। यहां की व्यवस्थाएं काफी अच्छी हैं और मुझे बहुत अच्छे से दर्शन हुए।” — गौतम गंभीर
उन्होंने मंदिर की दर्शन व्यवस्था की प्रशंसा करते हुए दोबारा आने की इच्छा भी जताई।
मंदिर समिति ने किया सम्मान
गौतम गंभीर ने चांदी द्वार पर बाबा महाकाल का पूजन-अर्चन भी किया। दर्शन के बाद श्री महाकालेश्वर मंदिर समिति की ओर से सहायक प्रशासक आशीष फलवाडिया ने उन्हें बाबा महाकाल का प्रसाद और एक तस्वीर भेंटकर सम्मानित किया।
पहले भी आ चुके हैं महाकाल के दरबार
यह पहली बार नहीं है जब गौतम गंभीर बाबा महाकाल का आशीर्वाद लेने उज्जैन आए हैं। इससे पहले भी वह यहां आकर भस्म आरती में शामिल हो चुके हैं। उस समय उन्होंने इस आरती को एक दिव्य और अलौकिक अनुभव बताया था।





