एशिया कप 2025 के बीच ही आईसीसी ने एक बड़ा फैसला किया है। आईसीसी ने USA क्रिकेट को नियम तोड़ने के चलते बैन कर दिया है। यानी अब आईसीसी की पूर्ण सदस्यता के अधिकारों का उपयोग USA की टीम नहीं कर पाएगी, जबकि ओलंपिक 2028 और आईसीसी के बड़े टूर्नामेंट में अमेरिका की टीम हिस्सा ले सकेगी। आईसीसी की ओर से टीम को सुधार करने का मौका दिया जाएगा। आईसीसी टीम की निगरानी करेगा जिससे भविष्य में बैन को हटाया जा सके।
आईसीसी ने यह निर्णय अमेरिका में क्रिकेट की स्थिति को और मजबूत करने के लिए लिया है ताकि देश में क्रिकेट की छवि को और बेहतर बनाया जा सके। आईसीसी का मकसद है कि टीम नियमों को लेकर सतर्क रहे। आईसीसी ने बैन करने के कारण भी बताए हैं।
इन कारणों से लिया गया बैन का निर्णय
दरअसल आईसीसी ने USA क्रिकेट टीम को 2024 की वार्षिक आम बैठक में भी नियमों के उल्लंघन को लेकर नोटिस जारी किया था। टीम को 12 महीने का समय आईसीसी की ओर से दिया गया था लेकिन इन नियमों का पालन नहीं किया गया। आईसीसी के सदस्यों ने जुलाई 2024 में USAC को नोटिस पर नजर बनाए रखने और स्वतंत्र व निष्पक्ष चुनाव कराने का निर्देश जारी किया था। आईसीसी ने पाया कि USAC एक कार्यात्मक शासन संरचना लागू करने में नाकाम रहा है। इसके अलावा USAC के कुछ कदमों ने अमेरिका और वैश्विक स्तर पर क्रिकेट को नुकसान पहुंचाया और क्रिकेट की छवि को बिगाड़ा। यही कारण है कि आईसीसी ने बैन का निर्णय लिया है।
क्या टीम पर भी पड़ेगा असर?
हालांकि आईसीसी की ओर से साफ तौर पर कहा गया है कि इस निलंबन से अमेरिका की टीम की भागीदारी पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसके अलावा 2026 में होने वाले T20 वर्ल्ड कप में भी अमेरिका की टीम हिस्सा ले सकेगी और ओलंपिक 2028 में महिला और पुरुष दोनों टीमें खेल सकेंगी। लेकिन स्थायी रूप से अब इस टीम के संचालन की जिम्मेदारी आईसीसी द्वारा ही संभाली जाएगी। वहीं अगर अमेरिका की टीम को इस निलंबन से बचना है तो आईसीसी के नियमों का पालन करना होगा और अपनी शासन प्रणाली व संचालन में कुछ बदलाव भी करने होंगे।






