हरारे स्पोर्ट्स क्लब में बुधवार को खेले गए रोमांचक सेमीफाइनल में भारतीय अंडर-19 टीम ने इतिहास रच दिया। अफगानिस्तान के खिलाफ 311 रन का विशाल लक्ष्य हासिल करते हुए टीम इंडिया ने न केवल मैच जीता, बल्कि टूर्नामेंट के इतिहास में सबसे बड़ा रन चेज भी पूरा किया। यह जीत भारत को 10वीं बार अंडर-19 वर्ल्ड कप के फाइनल में ले गई है।
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी अफगानिस्तान ने 50 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर 310 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। फैजल शिनोजादा ने 110 रन की शानदार पारी खेली, जबकि उजैरुल्लाह नियाजई नाबाद 101 रन बनाकर क्रीज पर टिके रहे। दोनों बल्लेबाजों ने शतकीय साझेदारी के साथ भारतीय गेंदबाजों को चुनौती दी। भारत की ओर से दीपेश देवेन्द्रन और कनिष्क चौहान ने दो-दो विकेट लिए।
आरोन जॉर्ज का शानदार शतक
311 रन के जवाब में भारतीय ओपनर आरोन जॉर्ज ने जिम्मेदारी संभाली और 95 गेंदों पर शतक पूरा किया। 37वें ओवर में उन्होंने अपना सेंचुरी का आंकड़ा छुआ। आरोन ने कुल 115 रन की पारी खेली और 40वें ओवर में वहीदुल्लाह जादरान के हाथों कैच आउट हुए। उनकी विस्फोटक बल्लेबाजी ने भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
कप्तान आयुष म्हात्रे ने 62 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली, जबकि वैभव सूर्यवंशी ने 68 रन बनाकर टीम को संभाला। तीनों बल्लेबाजों के योगदान से भारत ने 41.1 ओवर में महज 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। यह जीत 7 विकेट से दर्ज की गई।
ऐतिहासिक रिकॉर्ड
इस मुकाबले में कुल 620 रन बने, जो भारत और अफगानिस्तान के बीच यूथ वनडे मैच में सर्वाधिक रन हैं। पहले यह रिकॉर्ड 521 रनों का था, जो 27 दिसंबर 2021 को ICC के दुबई मैदान पर बना था। भारत ने यूथ वनडे में अब तक का सबसे बड़ा टारगेट चेज करने का कीर्तिमान स्थापित किया है।
36वें ओवर में विहान मल्होत्रा को जीवनदान भी मिला। अब्दुल अजीज की गेंद पर वे कैच थमा बैठे थे और फील्ड अंपायर ने उन्हें आउट भी दे दिया। लेकिन थर्ड अंपायर की जांच में पता चला कि गेंदबाज का पैर क्रीज से बाहर था, जिससे इसे नो बॉल करार दिया गया। बैटर्स को फ्री-हिट भी मिली।
फाइनल में इंग्लैंड से भिड़ंत
भारतीय टीम अब 6 फरवरी को फाइनल मुकाबले में इंग्लैंड का सामना करेगी। यह भारत का अंडर-19 वर्ल्ड कप में 10वां फाइनल होगा, जो इस आयु वर्ग में देश के दबदबे को दर्शाता है।
भारतीय प्लेइंग-11 में आयुष म्हात्रे (कप्तान), आरोन जॉर्ज, वैभव सूर्यवंशी, विहान मल्होत्रा, अभिज्ञान कुंडू (विकेटकीपर), वेदांत त्रिवेदी, आरएस अंब्रिश, कनिष्क चौहान, खिलन पटेल, हेनिल पटेल और दीपेश देवेन्द्रन शामिल थे। अफगानिस्तान की टीम में महबूब खान (कप्तान), उस्मान सादात, खालिद अहमदजई, फैजल शिनोजादा, उजैरुल्लाह नियाजई, अजीजुल्लाह मियाखिल, खातिर स्टानिकजई, अब्दुल अजीज, रूहुल्लाह अरब, नूरिस्तानी उमरजई और वहीदुल्लाह जादरान ने भाग लिया।





