विश्व क्रिकेट की सबसे प्रतिष्ठित प्रतियोगिताओं में से एक, आईसीसी महिला टी20 विश्व कप में भारतीय महिला क्रिकेट टीम का सफर इस बार लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर थम गया। टूर्नामेंट के 30वें लीग मुकाबले में भारतीय टीम को ऑस्ट्रेलिया के हाथों 6 विकेट से करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा और इस हार के साथ ही उनका विश्व कप में आगे बढ़ने का सपना भी टूट गया। भारतीय टीम लगातार दूसरी बार महिला टी20 विश्व कप के ग्रुप स्टेज से बाहर हुई है, जो टीम के लिए निराशाजनक प्रदर्शन है। इस ग्रुप ए से अब ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका की टीमें सेमीफाइनल में जगह बनाने में कामयाब रही हैं।
इस महत्वपूर्ण मुकाबले में भारतीय टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। टीम इंडिया ने निर्धारित 20 ओवरों में 4 विकेट के नुकसान पर 170 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने स्वयं एक शानदार कप्तानी पारी खेली, जिसमें उन्होंने मात्र 27 गेंदों पर 56 रन बनाए। यह पारी टीम को एक सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाने में निर्णायक साबित हुई।
हरमनप्रीत कौर का अर्धशतक, 170 का दिया लक्ष्य
भारतीय पारी की शुरुआत शैफाली वर्मा और स्मृति मंधाना ने धमाकेदार अंदाज में की। दोनों सलामी बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 66 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी कर टीम को ठोस आधार प्रदान किया। स्मृति मंधाना ने 37 गेंदों पर 38 रन बनाए, हालांकि वह रनआउट होकर पवेलियन लौटीं। वहीं, शैफाली वर्मा ने भी 26 गेंदों पर बेहतरीन 34 रनों की पारी खेली। इसके बाद, तीसरे विकेट के लिए कप्तान हरमनप्रीत कौर और जेमिमा रोड्रिग्ज की जोड़ी ने मोर्चा संभाला। दोनों ने मिलकर 45 गेंदों पर 64 रनों की तेजतर्रार साझेदारी की, जिससे टीम इंडिया 170 के मजबूत स्कोर तक पहुंच सकी। हरमनप्रीत की 56 रनों की पारी में कई आकर्षक शॉट्स शामिल थे, जिसने दर्शकों का मन मोह लिया।
पेरी के अर्धशतक से जीता ऑस्ट्रेलिया, श्री चरणी को मिले 2 विकेट
171 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम की शुरुआत हालांकि अच्छी नहीं रही। पहले ही ओवर में रेणुका ठाकुर की गेंद पर जॉर्जिया वॉल मात्र 4 रन बनाकर आउट हो गईं। इसके बाद फोएब लिचफील्ड और बेथ मूनी ने पारी को संभाला और दूसरे विकेट के लिए 50 रनों की साझेदारी की। लिचफील्ड ने 25 गेंदों पर 24 रन की धीमी पारी खेली, लेकिन उनके आउट होने के बाद बल्लेबाजी करने आईं एलिस पेरी ने मैच का रुख बदल दिया। पेरी ने 38 गेंदों पर 56 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेलकर ऑस्ट्रेलिया की जीत लगभग सुनिश्चित कर दी। उन्हें एश्ले गार्डनर का भरपूर साथ मिला, जिन्होंने 29 गेंदों पर नाबाद 53 रन बनाए और टीम को 19 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर लक्ष्य तक पहुंचा दिया। भारतीय गेंदबाजों में श्री चरणी ने सबसे ज्यादा दो विकेट हासिल किए, लेकिन वह टीम को जीत दिलाने के लिए पर्याप्त नहीं रहे।
इस मैच के लिए दोनों टीमों की प्लेइंग इलेवन इस प्रकार थी:
ऑस्ट्रेलिया महिला: बेथ मूनी (विकेटकीपर), जॉर्जिया वोल, फोएब लिचफील्ड, एलिस पेरी, एशले गार्डनर, जॉर्जिया वेयरहम, एनाबेल सदरलैंड, निकोला कैरी, सोफी मोलिनक्स (कप्तान), किम गार्थ, लुसी हैमिल्टन।
भारत महिला: स्मृति मंधाना, शैफाली वर्मा, यास्तिका भाटिया, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), जेमिमा रोड्रिग्स, ऋचा घोष (विकेटकीपर), दीप्ति शर्मा, राधा यादव, श्री चरणी, रेणुका सिंह ठाकुर, क्रांति गौड़।





