महाकाल की राजसी सवारी मंदिर पहुंचने के बाद सभा मंडप में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब भगवान चंद्रमोलेश्वर की आरती के दौरान पुजारी आशीष शर्मा को अचानक चक्कर आने लगा। उन्हें तुरंत आकस्मिक चिकित्सा केंद्र ले जाया गया।
डॉक्टरों ने जांच के बाद उनका ब्लड प्रेशर और शुगर चेक किया, जो सामान्य मिला। कुछ देर आराम कराने के बाद उन्हें घर भेज दिया गया। बताया गया कि पुजारी दोपहर से ही राजसी सवारी की तैयारियों में लगे थे और लंबे समय तक भीड़ व उमस के बीच ड्यूटी कर रहे थे।
महाकाल राजसी सवारी में अचानक बिगड़ी पुजारी की तबीयत
भगवान महाकाल की राजसी सवारी मंदिर पहुंचने के बाद सभी की नजरें सभा मंडप में होने वाली आरती पर थीं। इसी दौरान भगवान चंद्रमोलेश्वर की आरती करते समय पुजारी आशीष शर्मा की तबीयत अचानक बिगड़ गई। आरती के बीच उन्हें चक्कर आने लगा, जिसके बाद आसपास मौजूद लोगों में चिंता फैल गई।
मौके पर मौजूद लोगों ने बिना देर किए उन्हें महाकाल मंदिर परिसर में बने आकस्मिक चिकित्सा केंद्र पहुंचाया। वहां डॉक्टरों की टीम ने तुरंत उनकी जांच शुरू की। कुछ समय के लिए राजसी सवारी के माहौल में भी इस घटना के कारण हड़कंप की स्थिति बन गई।
महाकाल मंदिर के चिकित्सा केंद्र में हुई जांच
आशीष शर्मा को चिकित्सा केंद्र पहुंचाने के बाद डॉक्टरों ने उनका ब्लड प्रेशर और शुगर चेक किया। जांच में दोनों सामान्य पाए गए। डॉक्टरों ने उनकी स्थिति पर नजर रखने के साथ उन्हें कुछ देर आराम करने की सलाह दी।
जांच के बाद किसी गंभीर परेशानी की जानकारी सामने नहीं आई। इसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें घर जाकर आराम करने की सलाह दी। पुजारी को घर भेजे जाने के बाद मंदिर परिसर में मौजूद लोगों और उनके साथियों ने राहत की सांस ली। फिलहाल उनकी हालत सामान्य बताई जा रही है।
दोपहर से राजसी सवारी की तैयारियों में जुटे थे पुजारी
मंदिर से जुड़े संजय पुजारी के अनुसार, आशीष शर्मा दोपहर करीब एक बजे से ही महाकाल की राजसी सवारी की तैयारियों में लगे हुए थे। सवारी शुरू होने के बाद भी वे लगातार पालकी के पास अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे।
राजसी सवारी के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे। लंबे समय तक लगातार ड्यूटी करने और भीड़ के बीच रहने से शरीर पर थकान का असर पड़ सकता है। कई घंटे की व्यस्तता के बाद आरती के समय उन्हें चक्कर आने की स्थिति बनी। हालांकि, चिकित्सा जांच में उनका ब्लड प्रेशर और शुगर सामान्य रहा।
उमस और लगातार ड्यूटी से थकान की संभावना
राजसी सवारी के दौरान मंदिर और सवारी मार्ग पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रहती है। ऐसे माहौल में लंबे समय तक खड़े रहना और लगातार धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल रहना शरीर के लिए थकान वाला हो सकता है। इस दौरान मौसम में उमस भी थी।
बताया जा रहा है कि इसी वजह से पुजारी आशीष शर्मा को कमजोरी या चक्कर की समस्या हुई हो सकती है। हालांकि, यह केवल थकान की संभावना है। डॉक्टरों की जांच में उनका बीपी और शुगर सामान्य मिला है। फिलहाल किसी गंभीर स्वास्थ्य समस्या की बात सामने नहीं आई है।
पुजारी की हालत सामान्य
महाकाल राजसी सवारी के दौरान हुई इस घटना के बाद सबसे राहत वाली बात यह रही कि पुजारी आशीष शर्मा की जांच सामान्य रही। प्राथमिक चिकित्सा मिलने के बाद डॉक्टरों ने उन्हें आराम करने के लिए घर भेज दिया।
धार्मिक आयोजनों में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के बीच आकस्मिक चिकित्सा व्यवस्था बेहद जरूरी होती है। इस घटना में भी समय पर चिकित्सा केंद्र पहुंचाने से पुजारी को तुरंत जांच और जरूरी मदद मिल सकी। फिलहाल उनकी स्थिति सामान्य है और उन्हें आराम करने की सलाह दी गई है। राजसी सवारी के दौरान कुछ देर के लिए बनी चिंता की स्थिति अब टल गई है।






