उत्तर प्रदेश के संभल में महाशिवरात्रि से पहले एक अनोखा दृश्य देखने को मिला जब मुस्लिम महिला तमन्ना कांवड़ लेकर जनपद पहुंचीं। पुलिस सुरक्षा के बीच उनकी इस यात्रा को देखने के लिए भारी संख्या में लोग जुटे और उनके ऊपर फूलों की वर्षा की।
प्रशासन ने पूरे इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। तमन्ना के आगे बढ़ते ही चारों ओर से लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी, लेकिन पुलिस हर गतिविधि पर पूरी तरह अलर्ट रही।
फूलों से स्वागत और सांस्कृतिक सद्भाव
जैसे ही तमन्ना कांवड़ लेकर संभल पहुंचीं, स्थानीय लोगों ने उनका भव्य स्वागत किया। फूलों की वर्षा करते हुए लोगों ने कहा कि यही असली भारत है जहां सभी संस्कृतियों का सम्मान किया जाता है। सुरक्षाकर्मियों ने पूरे मार्ग पर व्यवस्था बनाए रखी ताकि किसी तरह की कोई अप्रिय घटना न हो।
महाशिवरात्रि के मौके पर कांवड़ लेकर आने वाली तमन्ना की इस भक्ति को देखकर मौजूद श्रद्धालुओं ने भी उन्हें प्रोत्साहित किया। कई लोगों ने इसे धार्मिक सौहार्द का उदाहरण बताया।
महाशिवरात्रि 2026 का महत्व
फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को महाशिवरात्रि मनाई जाती है। मान्यता है कि इसी दिन भगवान शिव और माता पार्वती का दिव्य मिलन हुआ था। इस बार महाशिवरात्रि 15 फरवरी 2026 को पड़ रही है।
इस दिन श्रद्धालु व्रत रखते हैं और शिव मंदिरों में पूजन करते हैं। भगवान शिव को जल, दूध, बेलपत्र और धतूरा अर्पित किया जाता है। माना जाता है कि महाशिवरात्रि की पूजा सालभर की शिवरात्रियों से अधिक फलदायी होती है।
पूजन के चार प्रहर का समय
पहला प्रहर 15 फरवरी को शाम 6 बजकर 37 मिनट से शुरू होगा। दूसरा प्रहर रात 9 बजकर 45 मिनट से, तीसरा प्रहर मध्यरात्रि के बाद 12 बजकर 53 मिनट से और चौथा प्रहर 16 फरवरी की सुबह 3 बजकर 47 मिनट से शुरू होगा।
धार्मिक मान्यता के अनुसार इन चारों प्रहरों में पूजा करना बेहद शुभ माना जाता है। घर या मंदिर में कहीं भी पूजा की जा सकती है, बस सच्चे मन से भगवान शिव का ध्यान करना जरूरी है। प्रशासन ने सभी मंदिरों में उचित सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।





