कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर बुधवार को उत्तर प्रदेश में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। वाराणसी से लेकर अयोध्या तक, लाखों श्रद्धालुओं ने गंगा, सरयू और अन्य पवित्र नदियों में आस्था की डुबकी लगाई। इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कई जगहों पर ट्रैफिक डायवर्जन भी लागू किया गया।
वाराणसी में अस्सी घाट से लेकर राजघाट तक श्रद्धालुओं की भारी भीड़ सुबह से ही जुटने लगी थी। सूर्य की पहली किरण के साथ ही स्नान का सिलसिला शुरू हो गया जो दोपहर तक जारी रहा। प्रशासन ने किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए घाटों पर बैरिकेडिंग की व्यवस्था की है।
काशी में देव दीपावली की भव्य तैयारी
वाराणसी में कार्तिक पूर्णिमा पर होने वाले विश्व प्रसिद्ध देव दीपावली उत्सव की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बुधवार शाम को गंगा के दोनों तट 25 लाख दीयों से जगमग होंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नमो घाट पर दीप प्रज्वलित कर इस भव्य उत्सव का शुभारंभ करेंगे।
इस अवसर पर चेतसिंह घाट पर एक विशेष 3D प्रोजेक्शन मैपिंग और लेजर शो का आयोजन किया जाएगा, जिसमें काशी की प्राचीन धार्मिक और सांस्कृतिक यात्रा को दर्शाया जाएगा। इसके अलावा, काशी विश्वनाथ धाम के सामने गंगा पार रेत पर ग्रीन एरियल फायर क्रैकर शो भी होगा, जिसे शिव भजनों की धुन पर प्रस्तुत किया जाएगा। दशाश्वमेध घाट पर 21 अर्चक और 42 कन्याओं द्वारा महाआरती की जाएगी, जिसका सीधा प्रसारण भी होगा।
अयोध्या में सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम
अयोध्या में भी सरयू नदी के घाटों पर स्नान के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और सुविधाओं के पुख्ता इंतजाम किए हैं। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि पेयजल, शौचालय, सफाई और स्नान के बाद कपड़े बदलने के लिए पर्याप्त व्यवस्था की गई है।
घाटों पर 9 स्थायी चेंजिंग रूम, 63 केबिन और 25 टेंट वाले अस्थायी चेंजिंग रूम बनाए गए हैं। सफाई व्यवस्था के लिए 250 कर्मचारियों को तीन पालियों में तैनात किया गया है। साथ ही, 250 बायो-टॉयलेट भी रखवाए गए हैं। मंगलवार रात 12 बजे से ही अयोध्या धाम को जोड़ने वाले 12 स्थानों पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू कर दिया गया था।
बिजनौर और हमीरपुर में भी उमड़ी भीड़
प्रदेश के अन्य जिलों में भी कार्तिक पूर्णिमा का पर्व धूमधाम से मनाया गया। बिजनौर के विदुर कुटी, गंगा बैराज और बालावाली गंगा घाट पर भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। एक अनुमान के मुताबिक, जिले में करीब 10 लाख भक्तों ने गंगा में डुबकी लगाई, जिनमें से अकेले विदुर कुटी घाट पर लगभग 7 लाख श्रद्धालु शामिल थे।
वहीं हमीरपुर में बेतवा और यमुना नदी के संगम तट पर सैकड़ों श्रद्धालुओं ने स्नान किया। यहां स्थानीय पुलिस अनाउंसमेंट कर लोगों को गहरे पानी में न जाने की हिदायत देती नजर आई। सभी प्रमुख स्नान घाटों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।
आदिकेशव घाट, विदुर कुटी, गंगा बैराज, बालावाली गंगा घाट, संगम तट व अन्य जगहों पर लाखों श्रद्धालुओं ने लगाई आस्था की डुबकी#UttarPradesh pic.twitter.com/kaUOKSTuiX
— MP Breaking News (@mpbreakingnews) November 5, 2025






