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CM पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार में लगाई मुख्य सेवक की चौपाल, अधिकारियों को मौके पर दिए सख्त निर्देश

Written by:Gaurav Sharma
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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार के आर्यनगर गांव में 'मुख्य सेवक की चौपाल' कार्यक्रम में हिस्सा लिया। उन्होंने ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को मौके पर ही समाधान के सख्त निर्देश देते हुए कहा कि सरकार अब फाइलों में नहीं, बल्कि मैदान में काम करेगी।
CM पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार में लगाई मुख्य सेवक की चौपाल, अधिकारियों को मौके पर दिए सख्त निर्देश

हरिद्वार: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार ग्रामीण क्षेत्र के आर्यनगर (गाजीवाली) में आयोजित ‘मुख्य सेवक की चौपाल’ में जनता के बीच बैठकर सीधा संवाद किया। “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के तहत हुए इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट संदेश दिया कि अब सरकार की कार्यशैली फाइलों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि धरातल पर उतरकर काम किया जाएगा।

कार्यक्रम के दौरान श्यामपुर कांगड़ी समेत आसपास के कई गांवों के प्रधानों और स्थानीय निवासियों ने अपनी समस्याएं मुख्यमंत्री के सामने रखीं। सीएम धामी ने एक-एक समस्या को गंभीरता से सुना और मौके पर मौजूद संबंधित विभागों के अधिकारियों को तत्काल समाधान सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए।

अधिकारियों को मिली सख्त हिदायत

मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को निर्देश दिया कि चौपाल में प्राप्त सभी शिकायतों और प्रार्थना पत्रों का निस्तारण तेजी से किया जाए। उन्होंने दो टूक कहा, “जनता की समस्याओं पर किसी भी तरह की देरी या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। किसी भी शिकायत को लंबित रखना स्वीकार्य नहीं होगा।” सीएम ने यह भी साफ किया कि जिन समस्याओं का समाधान तुरंत हो सकता है, उन्हें मौके पर ही निपटाया जाए।

“मुख्य सेवक की चौपाल केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि सरकार की जवाबदेही का जीवंत प्रमाण है। हमारा उद्देश्य है कि आमजन को सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, बल्कि प्रशासन स्वयं उनके द्वार तक पहुंचे।”- पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री

उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है और इसके लिए हर स्तर पर जवाबदेही तय की जाएगी।

विकास और रोजगार पर सरकार का फोकस

अपने संबोधन में सीएम धामी ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में ऐतिहासिक कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि अब तक 27,000 से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं और युवाओं को उद्यमी बनाने के लिए भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की अन्य उपलब्धियों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि किसानों के हितों की रक्षा के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं। साथ ही, उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (UCC) को लागू करना एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने हरिद्वार ग्रामीण क्षेत्र में सड़क, बिजली, पेयजल और सिंचाई जैसी मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने की प्रतिबद्धता भी दोहराई।

जनता का विश्वास ही सबसे बड़ी ताकत

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता का स्नेह, विश्वास और आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी ताकत और प्रेरणा है। उन्होंने खुद को जनता का सेवक बताते हुए कहा कि लोगों की संतुष्टि ही उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जनसमस्याओं के समाधान में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी। इस कार्यक्रम में पूर्व विधायक स्वामी यतीश्वरानंद, अन्य जनप्रतिनिधि, जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।

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