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गायत्री परिवार शताब्दी समारोह: अमित शाह ने पंडित श्रीराम शर्मा के विचारों का ​किया जिक्र, कहा- उन्होंने तोड़ीं जात-पात की बेड़ियां

Written by:Shyam Dwivedi
Published:
भारत के गृह मंत्री अमित शाह गुरुवार, 22 जनवरी 2026 को हरिद्वार में आयोजित भगवती देवी शर्मा की जन्म शताब्दी और अखंड दीप शताब्दी वर्ष के अवसर पर अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा आयोजित शताब्दी वर्ष समारोह 2026 में शामिल हुए।
गायत्री परिवार शताब्दी समारोह: अमित शाह ने पंडित श्रीराम शर्मा के विचारों का ​किया जिक्र, कहा- उन्होंने तोड़ीं जात-पात की बेड़ियां

भारत के गृह मंत्री अमित शाह गुरुवार, 22 जनवरी 2026 को हरिद्वार में आयोजित भगवती देवी शर्मा की जन्म शताब्दी और अखंड दीप शताब्दी वर्ष के अवसर पर अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा आयोजित शताब्दी वर्ष समारोह 2026 में शामिल हुए। इस दौरान गृह मंत्री के अलावा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की भी मौजूदगी रही।

कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला, राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दया शंकर सिंह, विधायक मदन कौशिक सहित देश-विदेश से आए श्रद्धालु उपस्थित रहे।

अमित शाह ने समारोह में गायत्री परिवार द्वारा किए जा रहे सामाजिक, सांस्कृतिक और राष्ट्र निर्माण से जुड़े कार्यों की सराहना की तथा आचार्य श्रीराम शर्मा के योगदान का स्मरण किया। उन्होंने कहा, श्रीराम शर्मा आचार्य ने सनातन धर्म में व्याप्त विकृतियों को दूर कर आध्यात्मिकता को सामाजिक सरोकारों से जोड़ा तथा समानता, संस्कृति, एकता और अखंडता के मूल्यों को सुदृढ़ किया।

अमित शाह ने किया श्रीराम शर्मा आचार्य के मूल मंत्र का जिक्र

गृह मंत्री ने कहा कि श्रीराम शर्मा आचार्य ने सनातन धर्म में व्याप्त विकृतियों को दूर कर आध्यात्मिकता को सामाजिक सरोकारों से जोड़ा तथा समानता, संस्कृति, एकता और अखंडता के मूल्यों को सुदृढ़ किया। उन्होंने ‘व्यक्ति निर्माण से समाज निर्माण और राष्ट्र निर्माण’ के विचार को व्यवहार में उतारने का मार्ग प्रशस्त किया। उन्होंने आचार्य के संदेश हम सुधरेंगे, युग सुधरेगा को मानव कल्याण का मूल मंत्र बताते हुए इसे जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया।

अमित शाह ने कहा कि बीते दस वर्षों में देश की कार्य-संस्कृति और सोच में बड़ा सकारात्मक परिवर्तन आया है। आज भारत को उसकी गौरवशाली विरासत, संस्कृति और मूल्यों के संदर्भ में आदर भाव से देखा जा रहा है। उन्होंने स्वामी विवेकानंद और अरविंद घोष जैसे युग पुरुषों के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत के उत्कर्ष से मानवता का उत्कर्ष सुनिश्चित होगा।

करोड़ों लोगों तक पहुंच रही ‘अखंड ज्योति’ पत्रिका

अमित शाह ने कहा, ‘अखंड ज्योति’ पत्रिका बिना किसी विज्ञापन और बाहरी सहायता के 100 से अधिक भाषाओं में करोड़ों लोगों तक पहुंच रही है। यह पंडित श्रीराम शर्मा और वंदनीय माता की तपस्या का प्रत्यक्ष परिणाम है। गृह मंत्री ने कहा कि आज़ादी के आंदोलन से लेकर समाज सुधार तक, पंडित श्रीराम शर्मा ने राष्ट्रनिर्माण में अहम भूमिका निभाई। श्रीराम शर्मा ने नमक सत्याग्रह में भाग लिया, अंग्रेजों की लाठियाँ खाईं और आजादी के बाद समाज में व्याप्त कुरीतियों के खिलाफ आंदोलन छेड़ा।

उन्होंने जात-पात की बेड़ियाँ तोड़ीं, समाज को समानता का मार्ग दिखाया और महिलाओं को गायत्री मंत्र की उपासना करने का अधिकार प्रदान किया। उन्होंने दहेज मुक्त विवाह को अपनाने का आह्वान किया। रचनात्मक दृष्टि से समाज की कुरीतियों को दूर किया। व्यसन से मुक्ति और गंगा सफाई अभियान चलाने के साथ ही उन्होंने वृक्षारोपण का कार्य भी किया।

शाह ने कहा कि आज गायत्री मंत्र, गायत्री उपासना और गायत्री साधना के साथ करोड़ों लोगों को पंडित श्रीराम शर्मा ने जोड़ा है। भारत श्रीराम शर्मा के उपकारों से कभी मुक्त नहीं हो पाएगा। उन्होंने करोड़ों लोगों को व्यक्ति-निर्माण के आंदोलन और भक्ति से जोड़ने, अध्यात्म के मार्ग पर प्रशस्त करने और गायत्री मंत्र को पुनर्जीवन प्रदान करने का कार्य किया। उन्होंने हर जाति, हर समाज और लिंग भेद के बिना, गायत्री मंत्र के माध्यम से हर आत्मा को कल्याण का मार्ग प्रशस्त करने का रास्ता दिखाया। गृह मंत्री ने कहा कि पंडित श्रीराम शर्मा जी ने महामना मदन मोहन मालवीय जी से गायत्री मंत्र के ज्ञान को जन-जन तक पहुंचाने की सीख प्राप्त की और उसे अपना जीवन-मंत्र बना लिया।