देहरादून के बन्नू स्कूल ग्राउंड में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के प्रस्तावित कार्यक्रम से ठीक एक दिन पहले बड़ा हादसा हो गया। दरअसल कार्यक्रम की तैयारियों में लगे कांग्रेस नेता अमर मेहता लोहे का गार्डर गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत निजी अस्पताल ले जाया गया लेकिन इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। वहीं घटना के बाद कार्यक्रम स्थल पर कुछ समय के लिए तैयारियां रोक दी गईं।
कैसे हुआ हादसा?
दरअसल हादसे के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और पूरे क्षेत्र का निरीक्षण किया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, मंच और टेंट का ढांचा तैयार किया जा रहा था, तभी अचानक लोहे का भारी गार्डर अमर मेहता के सिर पर गिर गया। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी। घटना के बाद कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता भी अस्पताल और कार्यक्रम स्थल पहुंचे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि हादसा तकनीकी लापरवाही से हुआ या निर्माण के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन नहीं किया गया।
तैयारियों के बीच कैसे हुआ हादसा?
वहीं आज 17 जुलाई को देहरादून के बन्नू स्कूल ग्राउंड में राहुल गांधी का ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम प्रस्तावित है। पहले यह कार्यक्रम परेड ग्राउंड में आयोजित होना था, लेकिन अनुमति से जुड़े कारणों के बाद आयोजन स्थल बदलकर बन्नू स्कूल मैदान कर दिया गया। नए स्थल पर मंच, टेंट और अन्य व्यवस्थाएं तेजी से तैयार की जा रही थीं। इसी दौरान लोहे का एक भारी गार्डर अचानक गिर पड़ा, जिसकी चपेट में कांग्रेस नेता अमर मेहता आ गए।
वहीं जानकारी के अनुसार हादसा इतना गंभीर था कि मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। आयोजन से जुड़े कार्यकर्ताओं ने तुरंत एंबुलेंस की व्यवस्था कर उन्हें अस्पताल पहुंचाया। घटना के बाद कुछ समय के लिए निर्माण कार्य रोक दिया गया। पुलिस ने मौके का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए हैं। अधिकारियों का कहना है कि निर्माण कार्य से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। यह भी देखा जा रहा है कि कार्यक्रम की तैयारी करने वाली एजेंसी और संबंधित लोगों ने सुरक्षा मानकों का पालन किया था या नहीं।
अमर मेहता की मौत के बाद जांच तेज
कांग्रेस नेता अमर मेहता की मौत के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए कार्यक्रम स्थल का तकनीकी निरीक्षण कराया जा रहा है। निर्माण कार्य में इस्तेमाल किए गए उपकरण, लोहे के ढांचे और सुरक्षा इंतजामों की भी जांच होगी। जरूरत पड़ने पर संबंधित लोगों से पूछताछ भी की जाएगी।






