मध्य प्रदेश के आगर मालवा में मंगलवार रात कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रात्रिकालीन विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के आह्वान पर जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में आयोजित किया गया।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। उन्होंने दिल्ली में छात्र आंदोलन के दौरान हुई कथित पुलिस कार्रवाई और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में अपनी नाराजगी जाहिर की।
संविधान बचाने के लगाए नारे
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लोकतांत्रिक अधिकारों और संविधान की रक्षा से जुड़े नारे लगाए। नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध हर नागरिक का अधिकार है और किसी भी तरह की असहमति को दबाने की कोशिश लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं मानी जा सकती। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखी और लोकतांत्रिक मूल्यों के समर्थन में एकजुटता दिखाई।
जीतू पटवारी के आह्वान पर जिला कांग्रेस ने जताया विरोध
जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि दिल्ली में छात्रों के साथ हुई कथित पुलिस कार्रवाई ने कई सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना था कि यदि छात्र अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं, तो उनकी बात सुनना लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा होना चाहिए। इसी के साथ कांग्रेस नेताओं ने राहुल गांधी की गिरफ्तारी को भी लोकतांत्रिक संस्थाओं पर दबाव बनाने वाला कदम बताया।

प्रदर्शन में मौजूद नेताओं ने कहा कि संविधान सभी नागरिकों को अपनी बात रखने और शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने का अधिकार देता है। ऐसे अधिकारों का सम्मान हर परिस्थिति में होना चाहिए। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हाथों में तख्तियां लेकर लोकतंत्र, संविधान और नागरिक अधिकारों के समर्थन में संदेश भी दिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और किसी तरह की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
लोकतंत्र और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा की बात दोहराई
रात्रिकालीन विरोध प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी छात्रों, युवाओं और आम नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार आवाज उठाती रहेगी। उनका कहना था कि लोकतंत्र की मजबूती तभी संभव है, जब लोगों को बिना डर अपनी बात रखने का अधिकार मिले और उनकी मांगों को गंभीरता से सुना जाए।

जिला कांग्रेस कमेटी ने अपने संबोधन में दोहराया कि पार्टी संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था में पूरा विश्वास रखती है। नेताओं ने कहा कि जनहित से जुड़े मुद्दों पर कांग्रेस आगे भी शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखेगी। साथ ही उन्होंने कार्यकर्ताओं से भी अपील की कि वे संविधान और लोकतंत्र के मूल्यों के प्रति लोगों को जागरूक करें।
इस प्रदर्शन के जरिए कांग्रेस ने एक बार फिर छात्र आंदोलन, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और विपक्ष की भूमिका जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाने की कोशिश की। फिलहाल इस पूरे घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक बयानबाजी जारी है और अलग-अलग दल अपने-अपने स्तर पर प्रतिक्रिया दे रहे हैं। वहीं प्रशासन की ओर से इस प्रदर्शन को लेकर किसी विशेष टिप्पणी की जानकारी सामने नहीं आई है।






