एक घंटे में बनाई 249 कप चाय और गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड

एक घंटे में बनाई 249 कप चाय और गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड

नई दिल्ली, डेस्क रिपोर्ट। चाय (Tea) की बात हो तो दुनियाभर में इसके लाखों चाहने वाले मिल जाएंगे। चाय के शौकीनों से पूछिये तो वो कहेंगे कि इसमें शराब से भी ज्यादा नशा है। तभी तो जिसे एक बार चाय का चस्का लग जाए, वो कभी छूटता ही नहीं। लेकिन चाय पीना अलग बात और बनाना अलग। क्या किसी को चाय बनाने का भी इतना जुनून हो सकता है कि वो इसमें वर्ल्ड रिकॉर्ड कायम कर ले।

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आज हम आपको मिलाने जा रहे हैं दक्षिण अफ्रीका की रहने वाली इनगर वैलेंटाइन (Ingar Valentyn) से, जिनका नाम चाय बनाने के लिए गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड (Guinness World Record) में दर्ज हुआ है। इन्होने एक घंटे में 249 कप चाय बनाकर ये रिकॉर्ड कायम किया। इनगर ने रूइबोस चाय बनाई, ये एक स्थानीय एस्पालाथस लीनियरिस पौधे (Aspalathus linearis) की पत्तियों से बनाई जाती है। इन 249 कप में तीन तरह के फ्लेवर वाली चाय थी जिसमें एक तो मूल स्वाद था, उसी के साथ  स्ट्राबेरी और वनिला फ्लेवर भी शामिल था। एक घंटे में 249 कप चाय बनाना कोई आसान काम नहीं है, और उनके इस जुनून ने उन्हें वर्ल्ड रिकॉर्ड दिला दिया।

इस जुनून के पीछे एक दुखभरी कहानी है। साल 2018 में साउथ अफ्रीका के वुपर्थल (Wupperthal, South Africa) में जंगल में लगी आग ने लोगों के घर भी जला दिए। रिहायशी इलाकों में ये आग फैल गई और करीब 200 लोग बेघर हो गए। इनमें एक नाम इनगर का भी था..उनके घर के साथ वो जिन गेस्ट हाउस का संचालन करती थी वो भी जल दए। इनगर पर्यटन विभाग में भी और ये गेस्ट हाउस चलाती थी। घटना के चार साल बाद उन्होने एक बार फिर अपनी पहचान बनाने की ठानी और न सिर्फ अपना बल्कि अपने शहर का नाम भी मशहूर करने का सोचा। इसी सोच ने उन्हें ये रिकॉर्ड बनाने के लिए प्रेरित किया। हालांकि इसके लिए उन्हें सिर्फ 150 कप चाय बनाना काफी था, लेकिन उन्होने 249 कप चाय बनाकर एक मिसाल कायम कर दी।

Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
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