क्या आपने खाई है गुलाब जामुन की सब्जी? ये शाही डिश मुंह में ला देगी पानी

राजस्थान अपनी अनोखी संस्कृति के अलावा बेहतरीन स्वाद के लिए दुनिया भर में पहचाना जाता है। चलिए हम आपको यहां के प्रसिद्ध शहर जोधपुर की एक रसोई के बारे में बताते हैं।
Jodhpuri Recipe

खाने पीने के शौकीनों की इस दुनिया में कोई कमी नहीं है। इन लोगों के लिए देश के हर कोने में एक से बढ़कर एक व्यंजन खाने के लिए मौजूद है। चाहे आप मध्य प्रदेश चले जाएं या फिर राजस्थान और गुजरात, भारत में हर जगह आपको स्वाद का अनोखा मिश्रण मिलेगा। राजस्थान एक ऐसा प्रदेश है जो अपनी संस्कृति के अलावा अनोखे व्यंजनों की वजह से पहचाना जाता है।

इस प्रदेश की परंपरा, पर्यटक स्थल और स्वाद सब कुछ शाही है। यहां के व्यंजनों में आपको अद्भुत शाही स्वाद रखने को मिलेगा जो आपका दिल जीत लेगा। जोधपुर यहां के सबसे प्रसिद्ध शहरों में से एक है जिसे सांस्कृतिक विरासत के शहर के तौर पर पहचाना जाता है। जब आप यहां जाएंगे तो आपको गुलाब जामुन की सब्जी खाने को मिलेगी। यह सुनकर आपको थोड़ा अजीब जरूर लग रहा होगा लेकिन यह बहुत ही खास और अनोखी डिश है जो लोगों का दिल जीत लेती है।

प्रसिद्ध गुलाब जामुन की सब्जी

गुलाब जामुन की सब्जी का नाम सुनकर आपको बहुत अजीब लग रहा होगा। लेकिन यह एक शाही डिश है जिसे खोया और पनीर से तैयार किया जाता है। यह गुलाब जामुन की तरह मीठा नहीं बल्कि नमकीन होता है। मसालेदार ग्रेवी में पकाया जाता है। शाही ठाठ आपको इसकी हर बाईट में महसूस होने वाला है।

कैसे बनती है डिश

इस रेसिपी को गुलाब जामुन यानी कि कोफ्ते और ग्रेवी के रूप में तैयार किया जाता है। पनीर और खोया को मिक्स करके जब इसे बनाया जाता है तो यह बहुत लाजवाब लगती है। स्वाद बढ़ाने के लिए इसमें नमक, इलायची और थोड़ा सा मीठा डाला जाता है। इसमें बाइंडिंग के लिए कॉर्न फ्लोर मिलाया जाता है ताकि तलते समय यह जामुन फटे नहीं।

कैसे तैयार होती है ग्रेवी

इस सब्जी की ग्रेवी लहसुन, प्याज, टमाटर, अदरक, हरी मिर्च और खड़े मसाले से तैयार होती है। इसमें दालचीनी, बड़ी इलायची, लौंग और तेज पत्ता का इस्तेमाल भी किया जाता है। इन सारी चीजों को भूनकर पीसा जाता है और फिर दही में पकाया जाता है। तैयार होने के बाद इसमें कोफ्ता डाला जाता है।

क्या है खासियत

इस व्यंजन की खासियत की बात करें तो सबसे बड़ी बात यह है कि यह देखने में बहुत रिच लगती है। इसमें किसी भी तरह की क्रीम या काजू का पेस्ट नहीं डाला जाता। इसके बाद भी खाने में ये ऐसी लगती है जैसे आप कोई शाही भोजन खा रहे हैं। इसे गरम पराठे, फुल्के और पुलाव के साथ खाया जाता है।

Diksha Bhanupriy
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10 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में.

"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy →
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