मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में प्रतिष्ठित डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह एवं तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ करेंगे। यहां 19वां डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर राष्ट्रीय पुरस्कार पुरातत्वविद् डॉ. यशोधर मठपाल को प्रदान किया जाएगा।
इस संगोष्ठी में देशभर के प्रख्यात विद्वान, प्रशासक, शिक्षाविद् एवं विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं। तकनीकी सत्रों में पुरातत्व, अभिलेखागार प्रबंधन एवं डिजिटल क्यूरेशन जैसे विषयों पर चर्चा होगी। प्रमुख विशेषज्ञों में कल्याण कुमार चक्रवर्ती, प्रो. रवि कोरिसेट्टर, अरुण सिंघल, प्रो. आलोक त्रिपाठी एवं डॉ. डी. दयालन आदि शामिल हैं।
डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह एवं राष्ट्रीय संगोष्ठी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह एवं राष्ट्रीय संगोष्ठी का उद्घाटन करेंगे और प्रसिद्ध पुरातत्वविद् पद्मश्री डॉ. यशोधर मठपाल को 19वें डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित करेंगे। यह आयोजन संचालनालय पुरातत्व, अभिलेखागार एवं संग्रहालय, मध्य प्रदेश द्वारा 9 से 11 जनवरी तक आयोजित किया जा रहा है। डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर भारतीय शैल-चित्र अध्ययन के पितामह माने जाते हैं, जिन्होंने भोपाल के निकट भीमबेटका शैलाश्रयों की खोज कर उसे विश्व धरोहर स्थल का दर्जा दिलाया। इस पुरस्कार के माध्यम से उनके योगदान को याद किया जाता है।
पद्मश्री डॉ. यशोधर मठपाल का अतुलनीय योगदान
पद्मश्री डॉ. यशोधर मठपाल को यह सम्मान पुरातत्व एवं शैल-चित्र संरक्षण के क्षेत्र में उनके अतुलनीय योगदान के लिए प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने हिमालय, विंध्य, पश्चिमी घाट और कैमूर पर्वत श्रृंखलाओं में चार सौ से अधिक प्राचीन गुफाओं की खोज की है। वे एक दक्ष चित्रकार, क्यूरेटर और संरक्षण विशेषज्ञ भी हैं। शैल-चित्रों के वैज्ञानिक संरक्षण की पद्धतियों को विकसित कर उन्होंने भारत की प्रागैतिहासिक धरोहर को अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक मंच पर नई दिशा और पहचान प्रदान की है। इस राष्ट्रीय संगोष्ठी में देशभर से प्रख्यात विद्वान, प्रशासक, शिक्षाविद् और विषय-विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं। आयोजन में शोध-पत्र प्रस्तुति, प्रदर्शनियां, वृत्तचित्र प्रदर्शन एवं भोपाल के विरासत स्थलों के भ्रमण भी होंगे। यह आयोजन मध्यप्रदेश की धरोहर संरक्षण और अनुसंधान में बढ़ती भूमिका को रेखांकित करता है।





