मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव नेतृत्व में उच्च शिक्षा विभाग द्वारा संचालित ई-प्रवेश प्रणाली ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। 31 जुलाई 2026 की स्थिति में 2 हजार 1 महाविद्यालयों (1 हजार 256 सामान्य और 745 NCTE ) में 7 लाख 51 हजार 123 विद्यार्थियों ने ऑनलाइन पंजीयन कराया। इनमें 6 लाख 60 हजार 981 विद्यार्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया गया तथा 5 लाख 24 हजार 48 विद्यार्थियों को प्रवेश दिया गया।
पिछले साल की तुलना में 65840 अधिक प्रवेश
ई-प्रवेश के आंकड़े बताते हैं कि प्रदेश में उच्च शिक्षा के प्रति विद्यार्थियों का विश्वास लगातार बढ़ा है। वर्ष 2023-24 में समान अवधि तक 3 लाख 21 हजार 154 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया था, जो वर्ष 2024-25 में बढ़कर 3 लाख 90 हजार 411 तथा वर्ष 2025-26 में 4 लाख 58 हजार 208 हो गया। वर्तमान शैक्षणिक सत्र 2026-27 में यह संख्या बढ़कर 5 लाख 24 हजार 48 पहुंच गई है। खास बात ये है कि पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में इस वर्ष 65 हजार 840 अधिक विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया है, जो 14.4 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि है। वहीं वर्ष 2023-24 की तुलना में प्रवेश संख्या में 2 लाख 2 हजार 894 विद्यार्थियों की वृद्धि दर्ज की गई है।
स्नातकोत्तर में सबसे अधिक प्रवेश
स्नातक स्तर पर:
- 4 लाख 58 हजार 792 विद्यार्थियों ने पंजीयन कराया।
- 4 लाख 13 हजार 963 विद्यार्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया गया ।
- 3 लाख 60 हजार 902 विद्यार्थियों ने प्रवेश प्राप्त किया।
- पिछले वर्ष की तुलना में स्नातक स्तर पर 42 हजार 40 विद्यार्थियों की वृद्धि हुई।
स्नातकोत्तर स्तर पर:
- 1 लाख 66 हजार 402 विद्यार्थियों ने पंजीयन कराया।
- 1 लाख 43 हजार 533 विद्यार्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया गया ।
- 1 लाख 14 हजार 802 विद्यार्थियों ने प्रवेश प्राप्त किया। पिछले वर्ष की तुलना में
- स्नातकोत्तर स्तर पर 35 हजार 516 विद्यार्थियों की वृद्धि हुई है, जो 44.8 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि है।
एनसीटीई पाठ्यक्रमों में:
- 1 लाख 25 हजार 929 विद्यार्थियों ने पंजीयन कराया।
- 1 लाख 3 हजार 485 विद्यार्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया गया ।
- 48 हजार 344 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया।
गौरतलब है कि प्रदेश के 566 शासकीय महाविद्यालय, 3 शासकीय विश्वविद्यालय शिक्षण विभाग, 621 निजी महाविद्यालय, 65 अनुदान प्राप्त महाविद्यालय, एक CRC सहित कुल 1 हजार 256 सामान्य महाविद्यालयों तथा 745 NCTE महाविद्यालयों में प्रवेश प्रक्रिया सफलतापूर्वक संचालित की गई। इस बार उच्च शिक्षा विभाग द्वारा विकसित ई-प्रवेश पोर्टल एवं मोबाइल एप से छात्रों को घर बैठे पंजीयन, दस्तावेज अपलोड, ऑनलाइन सत्यापन, महाविद्यालय एवं पाठ्यक्रम का चयन, शुल्क भुगतान तथा प्रवेश की प्रक्रिया पूरी करने का मौका दिया गया।
प्रदेशभर के महाविद्यालयों में हेल्प सेंटर, विद्यार्थियों की समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु 24×7 कॉल सेंटर, जिला एवं संभाग स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग तथा प्रभावी तकनीकी सहायता की व्यवस्था की गई है। विशेष रूप से कॉलेज लेवल काउंसिलिंग (CLC) चरण को पूरी तरह विद्यार्थी-केंद्रित बनाया गया है। विद्यार्थियों को उसी दिन पंजीयन, दस्तावेज सत्यापन और प्रवेश की सुविधा उपलब्ध कराई गई।






