मध्य प्रदेश में 10 अप्रैल से फिर मौसम में बदलाव आएगा और मौसम साफ व शुष्क होने लगेगा लेकिन इससे पहले 7 से 9 अप्रैल तक प्रदेश के कई हिस्सों में बादलों की आवाजाही, आंधी और बारिश का दौर बना रहेगा। खास करके इसका ज्यादा प्रभाव उत्तर और पूर्वी मध्य प्रदेश में देखने को मिलेगा। रविवार-सोमवार को डिंडोरी और अनूपपुर में ओलावृष्टि हुई। भिंड, दतिया, रीवा, मंडला और बालाघाट में तेज आंधी, बिजली चमकने और बारिश दर्ज हुई। सोमावार को खास करके शिवपुरी, ग्वालियर और आसपास के करीब 21 जिलों में बूंदाबांदी हुई। बीते दिन भोपाल में 34°C, इंदौर में 34.2°C, जबलपुर में 34.8°C, ग्वालियर में 34.0°C और उज्जैन में 34.5°C अधिकतम तापमान दर्ज किया गया।
मंगलवार को इन जिलों में अलर्ट
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ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला, सिवनी और बालाघाट में मेघगर्जन और तेज हवाओं के साथ बारिश की चेतावनी जारी की गई है। इस दौरान हवा की गति 40 से 60 किलोमीटर प्रतिघंटा तक रह सकती है।
8-9 अप्रैल को कैसा रहेगा मौसम
8 अप्रैल (बुधवार) को ग्वालियर, भिंड, दतिया, मुरैना, श्योपुर, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में मौसम बदला रहेगा। 9 अप्रैल (गुरुवार) को रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, उमरिया, शहडोल, डिंडौरी और अनूपपुर में भी बादल बारिश की स्थिति बनी रहेगी।
11 अप्रैल को फिर सक्रिय होगा नया सिस्टम
मौसम विज्ञान केन्द्र, भोपाल की दैनिक रिपोर्ट के मुताबिक, वर्तमान में अलग-अलग स्थानों पर पश्चिमी विक्षोभ, ट्रफ और चक्रवातीय परिसंचरण सक्रिय है। पश्चिमी जेट स्ट्रीम 12.6 किमी ऊंचाई पर लगभग 110 नॉट की गति से पूर्वी भारत के ऊपर बह रही हैं। दो नए पश्चिमी विक्षोभ 7 अप्रैल और 11 अप्रैल 2026 को उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करने की संभावना है, जिसके असर से मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। 7 अप्रैल को ग्वालियर, चंबल, सागर, भोपाल और रीवा संभाग के जिलों में बारिश-आंधी का ज्यादा असर रहेगा। उज्जैन, रतलाम और मंदसौर में भी धूल भरी आंधी चल सकती है। 8 और 9 अप्रैल को ग्वालियर और सागर संभाग में असर सिस्टम का प्रभाव बना रहेगा, लेकिन 10 अप्रैल से फिर मौसम में बदलाव आएगा।
15 अप्रैल के बाद गर्मी दिखाएगी अपने तेवर
अप्रैल के पहले हफ्ते से फिर मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। तीसरे-चौथे हफ्ते में ग्वालियर-चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग में भीषण गर्मी पड़ने की संभावना जताई गई है। यहां तापमान 40°C से 45 °C तक पहुंचने के आसार हैं। इसके अलावा भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी गर्मी के तेवर सख्त देखने को मिल सकते हैं। नीमच, मंदसौर, विदिशा, सागर, सीधी, सिंगरौली में भी गर्मी अपना असर दिखाएगी। बुंदेलखंड और पूर्वी मध्यप्रदेश (विंध्य क्षेत्र) में हीट वेव चलने की आशंका जताई गई है।
ओलावृष्टि से हुए नुकसान की भरपाई करेगी राज्य सरकार
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश के विभिन्न जिलों में हुई आंधी, बारिश और ओलावृष्टि के संबंध में कहा है कि किसान भाई चिंता न करें, संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार किसानों के साथ है। जिला कलेक्टर्स को मौसम के असमय बदलाव से हुए नुकसान का त्वरित आकलन करने के निर्देश दिए हैं। प्रदेश के प्रभावित क्षेत्रों में हुई हानि के लिए तत्काल सहायता और राहत उपलब्ध कराई जाएगी। उल्लेखनीय है कि गत दिवस ग्वालियर-चंबल संभाग के विभिन्न जिलों तथा राजगढ़, रायसेन, बैतूल आदि जिलों में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि से प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है।
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