बिहार पुलिस में 51 हजार से अधिक भर्तियां, गृह विभाग का बजट 2300 करोड़ रुपये बढ़ा, बनेगा STF का नया मुख्यालय

बिहार सरकार ने पुलिस बल को मजबूत करने के लिए 51 हजार से अधिक पदों पर भर्ती का ऐलान किया है। इसके साथ ही गृह विभाग के बजट में 2300 करोड़ की बढ़ोतरी की गई है, जिससे पुलिस आधुनिकीकरण और नए भवनों का निर्माण होगा। पटना मेट्रो और औद्योगिक क्षेत्रों के लिए विशेष सुरक्षा बल (SISF) का भी गठन किया जाएगा।
Bihar Police

पटना। बिहार में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और पुलिस बल के आधुनिकीकरण की दिशा में सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। राज्य में 51 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों की बहाली की जाएगी। इसके साथ ही गृह विभाग के बजट में 2300 करोड़ रुपये की भारी बढ़ोतरी की गई है। इस राशि का उपयोग पुलिस के लिए नए भवन, आधुनिक उपकरण और ढांचागत विकास पर खर्च किया जाएगा।

जानकारी के अनुसार, कुल 51,993 पदों पर भर्ती की जानी है। इनमें से 26,859 पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया पहले से चल रही है, जबकि आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 में 25,134 अतिरिक्त पदों पर बहाली प्रस्तावित है।

औद्योगिक सुरक्षा के लिए SISF का गठन

राज्य में बढ़ते औद्योगीकरण को देखते हुए एक विशेष सुरक्षा बल की स्थापना की जा रही है। पटना मेट्रो, औद्योगिक क्षेत्रों और प्रस्तावित नए हवाई अड्डों की सुरक्षा के लिए बिहार राज्य औद्योगिक सुरक्षा बटालियन (SISF) का गठन होगा। इसके लिए नवादा में SISF-3 और मोतिहारी में SISF-4 की स्थापना हेतु भूमि हस्तांतरण की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है।

बजट बढ़ा, बनेंगे नए मुख्यालय और भवन

वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए गृह विभाग का बजट 17,831.21 करोड़ से बढ़कर 20,132.53 करोड़ रुपये हो गया है। इस बढ़ी हुई राशि से पुलिस बल के लिए कई नए भवन बनाए जाएंगे। राजधानी पटना में डायल-112 भवन, SSP आवास, साइबर अपराध इकाई, विशेष शाखा और IPS मेस के निर्माण को स्वीकृति दी गई है।

इसके अलावा, गर्दनीबाग में लगभग 23 करोड़ की लागत से बिहार मानवाधिकार आयोग का कार्यालय भवन बनाया जाएगा। वहीं, लोदीपुर में करीब 63 करोड़ रुपये की लागत से एसटीएफ (STF) के मुख्यालय भवन के निर्माण को भी मंजूरी मिली है।

BSAP बटालियनों और प्रशिक्षण केंद्रों का विस्तार

पुलिस बल को और सशक्त बनाने के लिए बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस (BSAP) की नई बटालियनों के लिए भी जमीन हस्तांतरित की जा रही है। इसके तहत मोकामा में बीसैप-16, बेतिया में बीसैप-18, छपरा में बीसैप-14 और भागलपुर में बीसैप-15 के लिए प्रक्रिया चल रही है। साथ ही, बेतिया में एक सिपाही प्रशिक्षण विद्यालय और सहरसा में पुलिस केंद्र के लिए भी भूमि हस्तांतरण का काम जारी है।

राज्य में फॉरेंसिक जांच को गति देने के लिए नौ अतिरिक्त क्षेत्रीय विधि विज्ञान प्रयोगशालाओं का निर्माण किया जा रहा है, जिनमें से पांच का काम पूरा हो चुका है। राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय के एक ऑफ-कैंपस की स्थापना को भी स्वीकृति दी गई है। वहीं, आपातकालीन सेवा डायल-112 के माध्यम से अब तक 52 लाख से अधिक लोगों को मदद पहुंचाई जा चुकी है।

Gaurav Sharma
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