
घाटशिला विधानसभा सीट के उपचुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। पूर्व शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के निधन के बाद खाली हुई इस सीट के लिए अभी चुनाव की तारीख घोषित नहीं हुई है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस सीट जीत कर स्वर्गीय रामदास को श्रद्धांजलि देना चाहते हैं, जबकि पूर्व सीएम चंपई सोरेन की प्रतिष्ठा भी दांव पर है। इंडिया ब्लॉक की ओर से रामदास सोरेन के बेटे सोमेश सोरेन का नाम चर्चा में है, जबकि एनडीए से बाबूलाल मरांडी फिर से उम्मीदवार हो सकते हैं।
बीजेपी ने किया दावा
भाजपा नेता सुबोध सिंह ने उपचुनाव में जीत का दावा करते हुए कहा कि पार्टी मजबूती के साथ चुनाव लड़ेगी। उन्होंने बताया कि पिछली बार की तुलना में इस बार प्रदर्शन और बेहतर होगा। हालांकि उन्होंने उम्मीदवार का नाम नहीं बताया, लेकिन भरोसा जताया कि पार्टी का जो भी कार्यकर्ता मैदान में उतरेगा, वह इंडिया गठबंधन को परास्त करेगा। बीजेपी के इस दावे पर पलटवार करते हुए जेएमएम महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि उनकी पार्टी और इंडिया गठबंधन पूरी तैयारी के साथ चुनाव में उतरेंगे।
इंडिया गठबंधन की तैयारी
सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि रामदास सोरेन द्वारा शुरू किए गए विकास कार्यों को पूरा करना उनकी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि भाजपा के दावे खोखले हैं, क्योंकि जनता हमेशा उनके साथ नहीं रही। इंडिया गठबंधन के सभी दल मिलकर इस उपचुनाव में चुनाव लड़ेेंगे और प्रचंड बहुमत के साथ जीत हासिल करेंगे। उनका मानना है कि जनता के समर्थन से रामदास सोरेन के काम और वादों को सम्मान मिलेगा और भाजपा की खोखली बातें सफल नहीं होंगी।
कांग्रेस और जनता का रुख
कांग्रेस नेता किशोर शाह देव ने कहा कि रामदास सोरेन के आकस्मिक निधन के कारण यह उपचुनाव हो रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इंडिया गठबंधन की ओर से सभी दल मिलकर चुनाव लड़ेेंगे और जनता की पसंद से जीत हासिल करेंगे। किशोर शाह देव ने आगे कहा कि भाजपा के वादे जनहित में नहीं हैं और पिछली सरकार के छह महीनों में किए गए कई काम जनता ने देखे हैं। जनता अपने कार्यों के आधार पर सही निर्णय करेगी और इस उपचुनाव में इंडिया गठबंधन की जीत तय मानी जा रही है।
