रेलवे की बड़ी लापरवाही के बीच टला बड़ा हादसा

रेलवे की बड़ी लापरवाही के बीच टला बड़ा हादसा

जबलपुर।संदीप कुमार

सूरत से इलाहाबाद जा रही श्रमिक एक्सप्रेस ट्रेन की अचानक आज कपलिंग टूट गई। अच्छी बात ये थी कि इस घटना में कोई बड़ा हादसा नही हुआ। लोको पायलट को जैसे ही ट्रेन की कपलिंग टूटने की खबर लगी तो उन्होंने एमरजेंसी ब्रेक लगा कर ट्रेन रोकी और टूटी हुई कपलिंग को जोड़कर किसी तरह शहपुरा भिटौनी रेल्वे स्टेशन तक लाया गया।जानकारों का कहना है कि ये रेल्वे की एक बड़ी चूक है।

जानकारी के मुताबिक सूरत से इलाहाबाद जा रही ट्रेन जैसे ही जबलपुर की टेढ़ चौकी गेट नंबर 300 के पास पहुँची। तभी अचानक कपलिंग टूट गई जिससे कि इंजन के पीछे के तीन डिब्बे लेकर इंजन आगे बढ़ गया। गनीमत रही कि ट्रेन की स्पीड ज्यादा नही थी और पायलट ने तुरंत ही एमरजेंसी ब्रेक लगा लिया। ट्रेन को भिटौनी स्टेशन में लाकर कपलिंग जोड़ी गई तब जाकर गाड़ी आगे बढ़ी। ट्रेन में सवार मजदूरों का कहना है कि कल शाम को यह ट्रेन मजदूरों को लेकर इलाहाबाद के लिए रवाना हुई थी। तभी रास्ते में ये हादसा हो गया। ट्रेन को जैसे तैसे भिटौनी स्टेशन लाया गया जहाँ तीन घंटे सुधार कार्य करने के बाद ट्रेन को रवाना किया गया।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews