Ashoknagar: कोरोना पॉजिटिव महिला की मौत के बाद प्रशासन सतर्क

Ashoknagar: कोरोना पॉजिटिव महिला की मौत के बाद प्रशासन सतर्क

अशोकनगर।हितेन्द्र बुधौलिया।

अशोकनगर जिले की ईसागढ़ कस्बे में रहने वाली महिला की उपचार के दौरान भोपाल में मौत होने एवं उसके कोरोना पॉजिटिव होने की पुष्टि के यह मामला बहुत जटिल हो गया है।महिला का करीब 4 दिन अलग अलग अस्पतालों में उल्टी दस्त का इलाज चला मगर उसमें कोरोना के लक्षण नही मिले साथ ही मृतक महिला की ऐसी कोई ट्रेवल या कॉन्ट्रैक्ट हिस्ट्री भी नही मिल रही जिसके उसके कोरोना पॉजिटव होने का पता चल सके।

कोरोना पोजिटिव मरीज मिलने के बाद अशोकनगर जिले में प्रशासन ने कई कदम उठाये है। ईसागढ़ एवं अशोकनगर कस्बा टोटल ऑफ डाउन कर दिया गया है साथ ही महिला के संपर्क में आए लोगों को कोरेण्टाइन कर दिया गया है ।महिला का उपचार कराने वाले ईसागढ़ एवं अशोकनगर के दो डॉक्टरो सहित 2 स्टाफ नर्स एवं एम्बुलेंस के दो चालको का सेम्पिल लिया जायेगा।साथ ही अस्पताल में मृतक महिला से मिलने वाले करीब 1 दर्जन से रिस्तेदारो का सैंपल लिया जा रहा है।

इस पूरे मामले में सबसे गंभीर बिषय यह है की जो महिला कोरोना पॉजिटिव हुई है उसकी कोई भी ट्रेवल या कॉन्ट्रैक्ट हिस्ट्री मालूम नही चल पाई की आखिर वह किससे संकृमित हुई है। उसका किसी भी कोरोना पॉजिटिव मरीज के साथ संपर्क दिखाई नहीं दे रहा। ईसागढ़ में जिस घर में वह रहती थी।बीते दो-तीन माह से बीमार होने के कारण वह अकेली ही रहती थी।सिर उसका पति ही उसके संपर्क में था। उसका पति राम नगर चक्क में चौकीदारी की नौकरी करता है ।स्वास्थय विभाग वहां के लोगों को भी चिन्हित कर उनका भी सैंपलिंग कराने की तैयारी में है। इस महिला को उल्टी दस्त के लिए पहले ही शक्ल अस्पताल एवं इसके बाद जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया जहां करीब 3 दिन तक इसका उपचार भी हुआ ।इस दौरान भी उसे कराना का कोई लक्षण दिखाई नहीं दिया। उल्टी दस्त में स्थिति खराब होने के कारण उसे भोपाल एम्स रेफर किया गया था यहीं पर उसका कोरोना टेस्ट किया गया ,जिसमें वह कोरोना पॉजिटिव पाई गई है और भोपाल में उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हुई।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews