
बिहार में पहली बार विधानसभा चुनाव लड़ने जा रहे जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने शनिवार को मुसलमानों और बीजेपी को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि सभी हिंदू जो विचारधारा के आधार पर गांधी, जयप्रकाश, बाबा साहेब अंबेडकर और लोहिया को मानते हैं, उन्हें मुसलमानों के साथ एक सामाजिक-राजनीतिक गठबंधन बनाना चाहिए। यदि ऐसा गठबंधन बनता है तो जन सुराज पार्टी बीजेपी को बुरी तरह हरा देगी।
विचारधारा आधारित समीकरण पर जोर
प्रशांत किशोर ने कहा कि उनकी पार्टी केवल एक समीकरण में विश्वास करती है और वह है विचारधारा आधारित समीकरण। उन्होंने बताया, “इस देश में आधे से ज़्यादा हिंदू विचारधारा के आधार पर बीजेपी के साथ नहीं हैं। जन सुराज का फॉर्मूला MY फॉर्मूला नहीं है, बल्कि यह है कि सभी हिंदू जो गांधी, जयप्रकाश, बाबा साहेब अंबेडकर और लोहिया के विचारों को मानते हैं, उन्हें मुसलमानों के साथ सामाजिक-राजनीतिक गठबंधन बनाना चाहिए।” उन्होंने जोर देकर कहा कि अगर यह गठबंधन बनता है तो बीजेपी को चुनाव में हार का सामना करना पड़ेगा।
मुस्लिम समुदाय को संदेश
प्रशांत किशोर ने मुस्लिम समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि अब तक उनका राजनीतिक प्रभाव लालटेन के तेल की तरह कम होता रहा है, लेकिन अब उसकी रोशनी मजबूत होनी चाहिए। उन्होंने कहा, “अगर मुस्लिम समुदाय हमारे साथ आए, तो अगले दो सालों में हम पूरे देश की राजनीति का रुख बिहार की ओर मोड़ देंगे।” हज भवन में आयोजित बिहार बदलाव कांफ्रेंस में लगभग 3000 लोग मौजूद थे, जिनमें 50 से अधिक प्रोफेसर और समाजसेवी शामिल थे। उन्होंने मुस्लिम समुदाय से अपील की कि वे अपने वोट की क़ीमत समझें और राजनीतिक सक्रियता में भाग लें।
चुनाव और उम्मीदवार रणनीति
प्रशांत किशोर ने कहा कि देश के 50% से ज़्यादा हिंदू बीजेपी के खिलाफ हैं और यदि उनमें से 20% मुसलमानों के साथ आएं तो उनकी लड़ाई जीत होगी। उन्होंने यह भी घोषणा की कि 243 विधानसभा सीटों में से 40 सीटों पर जन सुराज पार्टी मुस्लिम उम्मीदवार उतारेगी। कांग्रेस और भारत गठबंधन को चुनौती देते हुए उन्होंने कहा कि अगर विपक्ष मुसलमानों को उचित भागीदारी देगा तो जन सुराज पार्टी उनके खिलाफ हिंदू उम्मीदवार भी उतारेगी।
