राहत: इस जिले में 27 में से 24 मरीज स्वस्थ होकर लौटे घर, बचे 3 एक्टिव केस

राहत: इस जिले में 27 में से 24 मरीज स्वस्थ होकर लौटे घर, बचे 3 एक्टिव केस

दमोह।गणेश अग्रवाल

दमोह जिले में कोरोना के मरीजों की संख्या लगातार कम होती जा रही है। यह मरीज ठीक होने के बाद अपने घरों की ओर जा रहे हैं। दमोह जिले के लिए सुखद बात है कि यहां पर आए सभी मरीज इलाज लेने के बाद अब डिस्चार्ज हो रहे हैं। नया कोई भी मरीज नहीं आया है। सुखद बात यह भी है कि किसी भी मरीज की मौत नहीं हुई।

दमोह जिला मुख्यालय स्थित कोविड-19 हॉस्पिटल से एक बार फिर 2 मरीजों को डिस्चार्ज किया गया है। इसके साथ ही पथरिया के कोविड-19 से 3 मरीजों को डिस्चार्ज किया गया है। दमोह जिले में कुल 27 मरीजों में से अभी तक 24 मरीजों को डिस्चार्ज किया जा चुका है। ऐसे हालात में अब दमोह के अस्पतालों में केवल 3 मरीज ही इलाज करा रहे हैं। वहीं बीते कुछ दिनों से कोई भी कोरोना का नया मरीज दमोह जिले में नहीं आया है।

सुखद बात यह भी है कि दमोह जिले में आए सभी मरीज इलाज करा रहे हैं या डिस्चार्ज हो गए हैं। किसी भी मरीज की मौत नहीं हुई है।वहीं आगामी दिनों में भी इसी तरह से लोगों के संयम में रहने के चलते किसी भी मरीज के नहीं आने की संभावना भी जताई जा रही है।साथ ही लोगों को हिदायत दी जा रही है कि लोग सोशल डिस्टेंस का पालन करें, मास्क लगाएं और स्वस्थ रहें।आरएमओ डॉ दिवाकर ने बताया कि आगामी दिनों में 3 मरीजों को भी डिस्चार्ज किया जाएगा।

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निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
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