जबलपुर में कोरोना से दूसरी मौत, 12 स्वस्थ होकर पहुंचे घर

जबलपुर में कोरोना से दूसरी मौत, 12 स्वस्थ होकर पहुंचे घर

जबलपुर।संदीप कुमार।

जबलपुर(jabalpur) में कोरोना वायरस(corona virus) संक्रमण से सोमवार को दूसरी मौत हुई है। मेडिकल कालेज(medical college) सुपर स्पेशियलिटी(super speciality) अस्पताल के कोविड-19(covid19) वार्ड(ward) में भर्ती कोरोना के मरीज जो कि विजयनगर में रहते थे। उनकी आज सुबह मौत हो गई है। इस तरह जिले में कोरोना से जान गंवाने वाले मरीजों की संख्या 2 हो गई है। जिले में कोरोना वायरस मरीजों की संख्या 98 पहुंच गई है। जिसमें अभी तक 12 स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं।

बेंगलुरु से आने के बाद 26 अप्रैल को हुए थे मरीज अस्पताल में भर्ती

मरीज को 26 अप्रैल को कोरोना वार्ड में भर्ती कराया गया था। वे 20 मार्च को फ्लाइट से बेंगलुरु से आए थे। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने होम आइसोलेशन में रखा था। कोरोना रिपोर्ट आने के 5 दिन पूर्व घर में फिसलकर गिर जाने के कारण उनकी कमर की हड्डी टूट गई थी। पत्नी उन्हें लेकर निजी अस्पताल गई थीं। जहां डॉक्टर ने कोरोना जांच की सलाह दी थी।मरीज अपनी वृद्ध पत्नी के साथ रहते थे, जबकि उनके बेटे और बेटी बाहर रहते थे।

मरीज का अंतिम संस्कार चोहानी श्मशान घाट में होगा

जिला प्रशासन ने कोरोना पीड़ित किसी भी व्यक्ति की मौत होने पर अंतिम संस्कार के लिए चोहानी श्मशान घाट निर्धारित किया है।उनका अंतिम संस्कार भी स्वास्थ विभाग और प्रशासन की देखरेख में चोहानी श्मशान घाट में किया जाएगा।

कुल्हे की हड्डी टूट जाने के चलते परेशानी में थे मरीज 

मरीज की कूल्हे की हड्डी में फ्रेंचर था। जिस कारण वे बैठने में अक्षम थे। इस कारण उनके परिवार द्वारा किसी को उनके साथ रहने की अनुमति मांगी गई थी लेकिन ऐसा प्रशासन ने अनुमति प्रदान नहीं की। वहाँ अस्थाई तौर पर एक वार्ड बॉय उनकी देखरेख करने तैयार हुआ था। इसके साथ ही उन को bp की समस्या थी। इस कारण उन्हें समय-समय पर दवाइयां देनी पड़ती। जानकारी के अनुसार कोरोना वार्ड में बहुत कम लोगों का आना जाना होता है। मरीज उठने में अक्षम थे। इस कारण उन्हें दवाइयां, खाना खाने के साथ-साथ नित्य क्रिया में भी खासी परेशानी का सामना करना पड़ा था।

बताया जा रहा है कि मरीज का बेटा स्वीजरलैंड में रहता है जहाँ उनको पिता की मौत की खबर दे दी गई है साथ ही मरीज की बेटी विशाखापत्तनम में रहती है।लॉक डाउन के चलते अभी दोनो ही जबलपुर आने में असछम है।इधर जिला प्रशासन ने पांडेय के अंतिम संस्कार के दौरान सिर्फ दो लोगो को शामिल होने की अनुमति दी है।

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