Sex Racket : उज्जैन में सेक्स रैकेट का पर्दाफाश, वाट्सएप पर भेजी जाती थी तस्वीर

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उज्जैन, डेस्क रिपोर्ट। उपचुनाव की सरगर्मियां और कोरोना संकटकाल के बीच मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) में एक के बाद सेक्स रैकेट के खुलासे हो रहे है। हाल ही में रतलाम पुलिस (Ratlam Police) ने ऐसे ही एक गिरोह का खुलासा किया था और अब उज्जैन पुलिस (Ujjain Police) ने एक सेक्स रैकेट (Sex Racket) का पर्दाफाश किया है।

मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस को शिकायत मिली थी कि कनिपुरा रोड स्थित मल्टी के समीप सेक्स रेकेट चल रहा है।इसके बाद सोमवार को चिमनगंज थाना (Chimganj police station) पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंची और दबिश देकर नानाखेड़ा निवासी युवक सहित 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। इसमें जिस 20 वर्षीय युवती को गिरफ्तार किया है वह माधवपुर कोटा की रहने वाली है। मौके से आपत्तिजनक सामान और पैसे मिलने की भी सूचना है।

पुलिस ने मौके से एक कार भी जब्त की है। तीनों को थाने लाकर पुलिस ने अनैतिक देह व्यापार की धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। बताया जा रहा है कि लंबे सयम से आरोपी देह व्यापार के घिनौने व्यापार का संचालन कर रहे थे। फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया है।

बता दे कि हाल ही में पुलिस ने रतलाम (Ratlam) शहर के बापू नगर इलाके में एक मकान पर छापा मार कर वहां चलाये जा रहे सेक्स रैकेट (Sex Racket) का पर्दाफाश किया था। पुलिस ने कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिसमे छह महिलाओ और तीन पुरुष शामिल थी। यह सेक्स रैकेट किराये के मकान में चलाया जा रहा था। नए थाना प्रभारी रेबल सिंह बर्डे के आने पर यह बड़ी कार्रवाई हुई थी।

गौरतलब है कि यह पहला मौका नही है, इसके पहले भी उज्जैन में कई सेक्स रैकेट का खुलासा हो चुका है। बीते महिनों ही चिमनगंज थाना पुलिस ने एक और सेक्स रैकेट का पर्दाफाश करते हुए 4 महिला और 4 युवक को गिरफ्तार किया था। आरोपियों को पकड़ने के लिए एक पुलिसकर्मी ग्राहक बनकर पहुंचा था। जिस स्थान से सेक्स रैकेट संचालित हो रहा था। उसी स्थान से पुलिस ने कई आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की है। पकड़ी गई महिलाओं में एक महिला इंदौर की और एक महिला मंदसौर की एक देवास की, एक महिला उज्जैन की बताई गई थी।

Pooja Khodani
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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते। (पत्रकारिता में 12 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ हर खबर पर पैनी नजर) View all posts by Pooja Khodani →
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