सिंघार का तंज- देखते हैं ”महाराज” अपनी कितनी रियासत बचा पाते है

umang

भोपाल।
29 दिन बाद मंत्रिमंडल का विस्तार करते ही शिवराज सरकार कांग्रेस के निशाने पर आ गई है। एक के बाद एक कांग्रेस नेता इस मिनी कैबिनेट पर सवाल खड़े कर रहे है। कोई सिंधिया को लेकर हमले बोल रहा है तो कोई मंत्रियों की संख्या को लेकर। अब अपने बयानों से हमेशा सुर्खियों मे रहने वाले कांग्रेस विधायक उमंग सिंघार ने बड़ा बयान दिया है। दिग्विजय को निशाने पर लेने वाले सिंगार ने अब सीधा सिंधिया पर अटैक किया है। सिंगार का कहना है कि ये भाजपा है महाराज , अब देखना है कि आप अपनी रियासत कैसे बचा पाते है।

दरअसल, आज मंगलवार सुबह राजभवन में पांच मंत्रियों को शपथ दिलाई गई, जिसमें भाजपा के वरिष्ठ विधायक नरोत्तम मिश्रा, कमल पटेल और मीना सिंह मंत्री बने। वहीं, ज्योतिरादित्य सिंधिया गुट से तुलसी सिलावट और गोविंद सिंह राजपूत को मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। जिसको लेकर कांग्रेस ने सवाल खड़े करना शुरु कर दिया है। विवेका तन्खा ने जहां मंत्रियों की संख्या को लेकर इसे अवैधानिक बताया है वही सिंघार ने ट्वीट कर लिखा है कि सिंधिया कोटे के दो मंत्री बनाकर भाजपा ने यह तो स्पष्ट कर दिया कि सिंधिया के 10 मंत्री तो नहीं बनेंगे, देखते हैं सिंधिया अपनी रियासत कितनी बचा पाते है , सिंधिया जी यह भाजपा हैं।

वही पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने ट्वीट कर लिखा है कि एक डरे हुए मुख्यमंत्री का छटाँकभर मंत्रिमंडल!!! कोरोना की इस विभीषिका में सम्पूर्ण मंत्रिमंडल गठित कर, सरकार जन सेवा में कार्यरत होना चाहिये थी। मगर अफ़सोस, खरीद फरोत की राजनीति के चलते ये ना हो सका। अब, जब तक सम्पूर्ण मंत्रिमंडल बनेगा तब तक मामा सरकार ‘जयहिंद’ हो जायेगी।20 धोखेबाजों को ‘मामा’ बनाया… “ग़द्दारों से ग़द्दारी”।इसके अलावा कांग्रेस ने अपने ट्वीटर हैंडलर पर तंज कसते हुए लिखा है कि 20 जयचंदों को श्रद्धांजलि। बिकने से मित्रमंडल गया, गलत हाथों में बिकने से मंत्रीमंडल गया।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews