रायपुर: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शनिवार को अपना 62वां जन्मदिन एक अनोखे और दोहरे अंदाज में मनाया। एक तरफ उन्होंने राजधानी रायपुर में एक रक्तदान शिविर का शुभारंभ कर सामाजिक सरोकार का संदेश दिया, तो वहीं दूसरी ओर अपने गृह क्षेत्र जशपुर के एक बालक आश्रम में बच्चों के बीच पहुंचकर उनके साथ खुशियां बांटीं।
मुख्यमंत्री ने अपने दिन की शुरुआत रायपुर में अल्फा ग्लोब फाउंडेशन और शिवनाथ ब्लड सेंटर द्वारा आयोजित एक विशेष रक्तदान शिविर का उद्घाटन करके की। इस अवसर पर उन्होंने सबसे पहले भगवान धन्वंतरि की पूजा-अर्चना की। कार्यक्रम को उनके 62वें जन्मदिन के उपलक्ष्य में खास बनाया गया था, जिसमें 62 लोगों के रक्तदान की व्यवस्था की गई थी।
रक्तदान महादान, युवाओं से की अपील
शिविर में उपस्थित रक्तदाताओं को सम्मानित करते हुए मुख्यमंत्री ने उन्हें प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि रक्तदान मानवता की सच्ची सेवा है और यह किसी जरूरतमंद को जीवनदान दे सकता है।
“रक्तदान महादान है और यह मानवता की सच्ची सेवा है। दुर्घटनाओं, प्रसव एवं गंभीर बीमारियों के दौरान जब मरीजों को रक्त की आवश्यकता पड़ती है, ऐसे में रक्तदान मरीजों के जीवन में नई आशा का संचार करता है।”- विष्णु देव साय, मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़
सीएम साय ने प्रदेश के युवाओं से अपील की कि वे वर्ष में कम से कम एक बार रक्तदान अवश्य करें। साथ ही, उन्होंने सड़क यातायात नियमों का सख्ती से पालन करने पर भी जोर दिया ताकि कीमती जानें बचाई जा सकें। आयोजकों ने बताया कि शिविर में दान करने वालों को एक प्रमाणपत्र भी दिया गया, जिसके उपयोग से वे या उनके परिजन भविष्य में जरूरत पड़ने पर निःशुल्क रक्त प्राप्त कर सकेंगे।
जशपुर में बच्चों के चेहरों पर बिखेरी मुस्कान
रायपुर के कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री साय सीधे जशपुर के बगिया स्थित बालक आश्रम पहुंचे। उनके पहुंचते ही आश्रम के बच्चों के चेहरों पर खुशी की लहर दौड़ गई। उन्होंने बच्चों के साथ मिलकर केक काटा और उन्हें अपने हाथों से चॉकलेट और केक खिलाया।
इस दौरान माहौल पूरी तरह पारिवारिक हो गया। सीएम साय ने बच्चों से उनकी पढ़ाई, उनके सपनों और भविष्य की योजनाओं के बारे में बात की। उन्होंने बच्चों को आशीर्वाद देते हुए कहा, “आप सब बच्चों की मुस्कान मेरे जन्मदिन का सबसे बड़ा उपहार है।“ उन्होंने बच्चों को मन लगाकर पढ़ने और जीवन में आगे बढ़कर प्रदेश का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित किया।
सामाजिक पहल और जागरूकता
उल्लेखनीय है कि आयोजक संस्था ने एक वर्ष में लगभग 11 हजार यूनिट रक्त संग्रह करने का संकल्प लिया है। इस रक्त को जरूरतमंदों तक निःशुल्क पहुंचाने के लिए विभिन्न ब्लड बैंकों के साथ समन्वय स्थापित किया जाएगा। रक्तदान शिविर के साथ-साथ एक सुरक्षित यातायात जागरूकता अभियान का भी आयोजन किया गया, जो मुख्यमंत्री की अपील को और पुष्ट करता है।






