उड़ीसा से डबरा लाये थे अवैध गांजा, ग्राहक को बेचने से पहले ही पुलिस ने किया जब्त, दो तस्कर गिरफ्तार

डबरा सिटी थाना पुलिस ने दो गांजा तस्कर पकडे, इनके कब्जे से 13 किलो 128 ग्राम अवैध गांजा जब्त किया, तीसरे फरार तस्कर की पुलिस कर रही तलाश
Dabra police arrest Ganja smuggler

Dabra police arrest Ganja smuggler

ग्वालियर जिले की डबरा पुलिस ने दो गांजा तस्करों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 13 किलो से अधिक गांजा जब्त किया है, शुरूआती पूछताछ में तस्करों ने बताया कि वे गांजा अपने एक तीसरे साथी के साथ उड़ीसा से लेकर आये थे ग्राहक को बेचने के इन्तजार में खड़े थे, जब्त किये गांजे की कीमत 01 लाख 50 हजार रुपये बताई गई है।

अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ ग्वालियर पुलिस लगातार एक्शन ले रही है, इसी क्रम में डबरा सिटी थाना पुलिस ने दो तस्करों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 13 किलो 128 ग्राम अवैध गांजा जब्त किया है, आरोपियों ने बताया कि वे ये गांजा उड़ीसा से लेकर आये थे और डबरा में एक ग्राहक को बेचने वाले थे।

ग्राहक के इंतजार में थे, पुलिस ने दबोचा 

डबरा थाना पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक  थाने की टीम जब रुटीन गस्त पर थी तब गुरुवार रात मगरोरा रोड पर मजार के पास दो व्यक्ति हाथ में एक थैला लिए दिखाई दिए, पुलिस को संदेह होने पर जब उनसे पूछताछ की गई थी तो उन्होंने अपना नाम पता  गौरव सेन निवासी ग्राम बड़ी अकवई थाना पिछोर जिला ग्वालियर और सोनेश नामदेव निवासी श्याम विहार कॉलोनी डबरा जिला ग्वालियर बताया।

डबरा पुलिस ने पकड़े तीन गांजा तस्कर 

पुलिस ने जब थैले की तलाशी ली तो उसमें अवैध गांजा भरा मिला, पुलिस ने उअसका जब वजन कराया तो  13 किलो 128 ग्राम निकला जिसकी कीमत करीब 01 लाख 50 हजार रुपये बताई गई, पुलिस ने जब गांजे के बारे में पूछताछ की तो तस्करों ने बताया कि वे इसे अपने तीसरे साथी पुष्पेन्द्र साहू निवासी चीनोर रोड डबरा के साथ उड़ीसा से लेकर आये थे और ग्राहक को देने के लिये मजार के पास खड़े थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया है पुलिस तीसरे साथी की तलाश कर रही है ।

अरुण रजक की रिपोर्ट 

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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