सम्पूर्ण लॉकडाउन पर एसपी ने ड्रोन कैमरे से कराई निगरानी, किया भ्रमण

सम्पूर्ण लॉकडाउन पर एसपी ने ड्रोन कैमरे से कराई निगरानी, किया भ्रमण

दतिया। सत्येंद्र रावत। सम्पूर्ण लॉक डाउन पर शहर में आज तीसरी आंख से पुलिस कर रही निगरानी। अकारण घूमने बालो पर होगी एफआईआर दर्ज। आज पूरा जिला संम्पूर्ण लॉकडाउन। किराना,सब्जी, दूध, फल की दुकानें बंद। ड्रोन कैमरों से पुलिस कर रही शहर की निगरानी। शहर में चप्पे चप्पे सहित गली मोहल्लों में भारी पुलिस बल तैनात। शहर में अकारण घूमने पर होगी एफआईआर। सुबह से पुलिस ने बरती सख्ती। वही पुलिस अधीक्षक स्वंय इसका निरीक्षण कर लॉक डाउन जायजा लिया और ड्रोन कैमरे से निगरानी करने को देखा। जिस पर पुलिस अधीक्षक अमन सिंग राठौर ने राजगढ़ चौराह पर ड्रोन कैमरे ओर निगरानी कार्य को देखा तथा सभी पुलिस कर्मियों को लोक डाउन पर पालन कराने सख्त कदम के निर्देश दिए हैं। अकारण व्यक्ति सड़क पर नही मिले। पहले उससे कारण पूछे इर बाजिब जबाब नही मिलने पर कार्यवाही करें। इस दौरान राजगढ़ चौराह पुलिस अधीक्षक के साथ एसडीओपी समेत थाना प्रभारी मौजूद रहे।

एसपी ने इन जगहों पर किया भ्रमण 
गुरुवार को पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौर ने अपने दल बल के साथ पैदल शहर का भ्रमण क़िया। जिसमे राजगढ़ चौराहे ,तिगैलिया, टाऊन हाल, पटवा चौराहे, तलैया मोहल्ला, किला चौक, ईदगाह मोहल्ला ,ठंडी सड़क विभिन्न क्षेत्रों में किया भ्रमण।बिना मार्क्स पहने सड़कों पर घूम रहे लोगों को मार्क्स पहनने की दी समझाइश कोई बिना काम के ही शहर में बाइक से घूम रहे लोगों गाड़ियां जप्त कर चालानी कार्यवाही। लोगो को घर पर ही रहने की दी सलाह के साथ लॉकडाउन का पालन करने की अपील की है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews