सराहनीय पहल: मूक पशु-पक्षियों के भोजन की व्यवस्था में जुटे युवा

सराहनीय पहल: मूक पशु-पक्षियों के भोजन की व्यवस्था में जुटे युवा

डिंडोरी| प्रकाश मिश्रा| लॉक डाउन के चलते जहां इंसानों को भोजन की व्यवस्था के लिए समाजसेवी संगठनों पर आश्रित होना पड़ रहा है वहीं पशु पक्षीयों को भी भोजन के लिए लाले पड़ रहे हैं । ऐसे में नगर के युवा समाजसेवी और पुलिस के जवान के द्वारा मूक पशु पक्षियों के लिए की जा रही भोजन व्यवस्था की पहल सराहनीय है।

हम बात कर रहे हैं पुलिस विभाग में पदस्थ हेड कांस्टेबल आनंद मोहन मिश्रा और नगर के युवा समाज सेवी हर्ष कटारे और उनकी टीम की जिन्होंने डिंडौरी जिले में लॉक डाउन से प्रभावित इंसानों के साथ साथ बेजुबान जानवरों का भी ख्याल रखने का बीड़ा उठाया है। बता दें कि मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ राज्य सीमा स्थित करंजिया थाना में पदस्थ हेड कांस्टेबल आनंद मोहन मिश्रा सैकड़ों भूखे बंदरों के लिये फल और बिस्किट लेकर रोज जंगल जाते हैं और बंदरों को अपने हाथ से खिलाते भी हैं। लॉकडाउन के बाद बंदर और हेड कांस्टेबल के बीच ऐसा रिश्ता बन गया है की उन्हें देखते ही बंदरों का हुजूम लग जाता है।

दरअसल करंजिया से नर्मदा उद्गम स्थल अमरकंटक की दूरी महज 15 किलोमीटर है और करंजिया से अमरकंटक तक काफी घना जंगल पड़ता है,लॉकडाउन के पहले अमरकंटक जाने वाले पर्यटक बंदरों को फल बिस्किट व चने आदि खिला देते थे लेकिन लॉकडाउन के चलते पर्यटन बंद हो गया ।

ठीक इसी तरह हर्ष कटारे और उनकी टीम डिंडोरी समनापुर मार्ग पर पड़ने वाले किकरझर के जंगलों में बड़ी संख्या में रह रहे बंदर और अन्य पक्षियों के लिए फल और दाने की व्यवस्था लगातार कर रहे हैं। जिससे इन मुक पशु पक्षियों को भोजन कुछ हद तक प्राप्त हो रहा है । पुलिस जवान आनंद मोहन मिश्रा और युवा समाजसेवी हर्ष कटारे की टीम के द्वारा किए जा रहे इस नेक कार्य की लोगों ने सराहना की है।

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