मशहूर प्लेबैक सिंगर अलका याग्निक पिछले दो साल से एक दुर्लभ बीमारी से जूझ रही हैं। दरअसल इस बीमारी के चलते वह अब नए सिंगिंग असाइनमेंट नहीं ले पा रही हैं, जिससे उनके लाखों फैंस चिंतित हैं। बता दें कि अलका याग्निक ने हाल ही में एक इंटरव्यू में बताया है कि उनकी सुनने की शक्ति प्रभावित हुई है और इसी वजह से वह संगीत जगत से फिलहाल दूर हैं, जो उनके लिए एक बड़ा झटका है।
दरअसल अलका याग्निक को साल 2024 में ‘सेंसरी न्यूरल नर्व हियरिंग लॉस’ नाम की इस बीमारी का पता चला था। यह सुनने की शक्ति में कमी से जुड़ी एक रेयर बीमारी है, जो आमतौर पर वायरल इंफेक्शन के कारण होती है। उन्होंने पहली बार 2024 में एक डिटेल्ड इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए अपने चाहने वालों को इस मुश्किल स्थिति के बारे में जानकारी दी थी। उस भावनात्मक पोस्ट में, उन्होंने इसे “अचानक लगा बड़ा झटका” बताते हुए, अपने फैंस से उन्हें अपनी प्रार्थनाओं में याद रखने की गुज़ारिश की थी। एक गायिका के लिए सुनने की क्षमता का प्रभावित होना, उनकी कला पर सीधा असर डालता है, और अलका याग्निक के लिए यह एक बड़ी चुनौती साबित हुई है।
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वहीं बीमारी का पता चलने के बाद से ही अलका याग्निक ज़्यादातर लोगों की नज़रों से दूर रही हैं। उन्होंने एक मीडिया चैनल के साथ बातचीत में फिर से दोहराया कि वह “अभी भी” इस बीमारी से परेशान हैं। इस बीमारी के कारण उनकी प्रोफेशनल लाइफ पर गहरा असर पड़ा है। ‘मेलोडी क्वीन’ के नाम से मशहूर अलका याग्निक की आवाज़ ने दशकों तक भारतीय संगीत प्रेमियों के दिलों पर राज किया है। ऐसे में उनका गाने से दूर रहना संगीत उद्योग और उनके फैंस दोनों के लिए एक बड़ी कमी है।
पद्म भूषण से सम्मानित
वहीं अपनी बीमारी से जूझने के बावजूद, अलका याग्निक हाल ही में तब सुर्खियों में आईं जब उन्हें इस साल भारत के तीसरे सबसे बड़े नागरिक सम्मान ‘पद्म भूषण’ से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें भारतीय संगीत में उनके अमूल्य और लंबे योगदान के लिए दिया गया है। यह उनके शानदार करियर और उनकी आवाज़ के जादू का एक प्रमाण है। अलका ने भारत सरकार के इस फैसले पर आभार जताया है।
जानिए अलका याग्निक ने क्या कहा?
दरअसल पद्म भूषण मिलने की खबर पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए अलका ने कहा कि “मेरी बेटी ने मुझे बताया। यह सुनकर मुझे बहुत खुशी हुई। मैं भारत सरकार का शुक्रिया अदा करना चाहूंगी कि उन्होंने मुझे इस सम्मान के लिए चुना।” जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें इस सम्मान की उम्मीद पहले से थी, तो सिंगर ने बड़े ही शांत और संयमित अंदाज़ में जवाब दिया, “सच कहूं तो नहीं। यह जब भी मिलता है, इसका वलेकम ही होता है।” उनकी यह प्रतिक्रिया उनकी विनम्रता और सादगी को दर्शाती है, भले ही वे एक ऐसे मुश्किल दौर से गुज़र रही हों।
नए प्रोजेक्ट्स को एक्सेप्ट नहीं कर रही
हालांकि, इस बड़े सम्मान के बावजूद, अलका याग्निक अपनी बीमारी के कारण नए सिंगिंग असाइनमेंट नहीं ले पा रही हैं। उन्होंने बताया कि कंपोजर अभी भी उनके पास नए गानों के ऑफर लेकर आते रहते हैं, लेकिन वे उन प्रोजेक्ट्स को एक्सेप्ट नहीं कर पा रही हैं। उन्होंने कहा कि, “कंपोजर कभी-कभार मेरे पास आते रहते हैं, लेकिन मैं ऐसा नहीं कर पा रही हूं।” यह स्थिति उनके लिए व्यक्तिगत और पेशेवर दोनों स्तरों पर काफी चुनौतीपूर्ण है। एक कलाकार के लिए अपनी कला का प्रदर्शन न कर पाना कितना मुश्किल होता है, यह समझा जा सकता है।