लता मंगेशकर को धीमा जहर दे रहा था ये शख्स, बाल बाल बचीं सिंगर, जानें अनसुना किस्सा

लता मंगेशकर संगीत का एक ऐसा सितारा हैं, जिनकी आवाज का मुकाबला कर पाना किसी भी सिंगर के बस की बात नहीं है। आज ही के दिन साल 2022 में उन्होंने दुनिया को अलविदा कहा था। चलिए आज हम आपको उनका एक अनसुना किस्सा सुनाते हैं।
Lata Mangeshkar

लता मंगेशकर संगीत की दुनिया का एक ऐसा नाम है जिन्हें किसी पहचान की जरूरत नहीं है। अपनी सुरीली आवाज से उन्होंने फैंस के दिल पर दशकों तक राज किया है। उनकी आवाज के दीवाने केवल देश ही नहीं विदेशों तक भी हैं। 6 फरवरी 2022 को सुर साम्राज्ञी ने इस दुनिया को अलविदा कह दिया था। उनका निधन संगीत जगत के लिए एक गहरी क्षति था।

लता ने अपने सिंगिंग करियर के दौरान एक से बढ़कर एक गाने गाए। इन गानों के बोल आज भी लोगों की जुबान पर चढ़े हुए हैं। उनके जाने के बाद म्यूजिक इंडस्ट्री में जैसे एक खालीपन आ गया, जिसे भर पाना किसी भी सिंगर के बस की बात नहीं है। उनके गाने और सिंगिंग करियर के बारे में तो सभी बातें करते हैं लेकिन कुछ ऐसे अनसुने पहलू भी हैं, जिनके बारे में बहुत कम लोगों को जानकारी है।

सिंगर को दिया गया था जहर

ये किस्सा 1962 का है, जब सिंगर का करियर शिखर पर था। उस समय उनके साथ एक चौंकाने वाली घटना हुई। दरअसल उन्हें जहर दिया गया था और इसका बने फैंस को अंदर तक हिला कर रख दिया था। कई लोगों को यह लगा था कि अब वह कभी गाना नहीं गा पाएंगी क्योंकि वह 3 महीने तक बिस्तर पर थी। किताब लता मंगेशकर इन हर ओन वॉइस के लिए बात करते हुए गायिका ने बताया कि हम मंगेशकर इस बारे में बात नहीं करते क्योंकि यह हमारी जिंदगी का बहुत बुरा दौर था। 1962 में मैं लगभग 3 महीने तक बहुत बीमार रही। एक दिन पेट में बहुत बेचैनी महसूस करते हुए उठी और फिर मुझे उल्टी होने लगी। यह बहुत भयानक था उल्टी का रंग हरा था। डॉक्टर घर पर आए और एक-रे मशीन भी लेकर आए क्योंकि मैं नहीं हिल पा रही थी। उन्होंने एक्सरे किया और कहा कि मुझे धीरे-धीरे जहर दिया जा रहा है।

नौकर पर लगा इल्जाम

लता को जहर दिए जाने की खबर सुनकर उनकी बहन उषा किचन में गई और कहा की नौकरों की जगह अब वह लता के लिए खाना बनाएंगी। उनके इस बात को सुनकर एक नौकर बिना पैसे लिए तुरंत गायब हो गया। इसके बाद परिवार को पता चला कि किसी ने नौकर को वहां भेजा था। लता के मुताबिक उन्हें उसे व्यक्ति का पता चल गया था लेकिन उन्होंने कोई भी कार्रवाई नहीं की।

चली गई थी आवाज?

जब लता मंगेशकर के साथ यह घटनाक्रम हुआ तब यह बातें की जा रही थी कि उनकी आवाज चली गई है और वह गाना नहीं गा पाएंगी। इस बारे में सिंगर ने कहा था कि यह सच नहीं है यह धीमे जहर दिए जाने के बारे में फैलाई गई एक मनगढ़ंत कहानी है। किसी भी डॉक्टर ने मुझे यह नहीं कहा कि मैं नहीं गा पाऊंगी। हमारे फैमिली डॉक्टर ने मेरा इलाज किया और कहा कि वह मुझे फिर से ठीक होते हुए देखना चाहते हैं। सिंगर ने कहा कि मैं सालों से फैलाई जा रही गलतफहमी को दूर कर देना चाहती हूं मेरी आवाज नहीं गई थी लेकिन यह कंफर्म हो गया था कि मुझे धीरे-धीरे जहर दिया जा रहा था। अपनी सभी परेशानियों से उभर कर ठीक होने के बाद लता ने कंपोजर हेमंत कुमार के साथ अपना गाना रिकॉर्ड किया। उन्होंने फिल्म 20 साल बाद के लिए कहीं दीप जले कहीं दिल गाया और फिल्मफेयर अपने नाम किया।

Diksha Bhanupriy
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10 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में.

"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy →
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