आनंदक परिचय सम्मेलन: आनंदकों ने ऑनलाइन समझा अल्पविराम का महत्व

आनंदक परिचय सम्मेलन: आनंदकों ने ऑनलाइन समझा अल्पविराम का महत्व

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। मध्यप्रदेश शासन द्वारा गठित राज्य आनंद संस्थान के तत्वावधान में पूरे प्रदेश में जिला स्तरीय निःशुल्क आनंदक परिचय सम्मेलनों का ऑनलाइन आयोजन किया जा रहा है। कोविड-19 के चलते आनंद संस्थान की गतिविधियां ऑनलाइन ही संचालित हो रही हैं। इसी क्रम में भिंड जिले का आनंदक परिचय सम्मेलन 4 सितंबर से 6 सितंबर 2020 तक मोबाईल एप के जरिए ऑनलाइन सम्पन्न हुआ ।

कार्यक्रम का शुभारंभ 4 सितम्बर को प्रथम सत्र का प्रारंभ दोपहर 3:30 बजे से समन्वयक ई .ए. के.शर्मा द्वारा सहभागी आनन्दकों से परिचय प्राप्त करते हुए आनन्दम सहयोगी विजय उपमन्यु द्वारा समर्पित प्रार्थना से हुआ। इस अवसर पर राज्य आनंद संस्थान के निदेशक इंद्रपाल सिंह द्वारा अपने उद्बोधन में संस्थान के परिचय और गतिविधियों को विस्तार से रखा तथा समाज हित में किए जा रहे कार्यों का भी उल्लेख किया। उन्होंने समाज में सकारात्मक ऊर्जा का प्रसार कर रहे स्वयं सेवियों को प्रेरित करते हुये कहा कि आज व्यक्ति में जो तनाव और अशांति तीव्रता से बढ़ रही है वह उसे स्वयं से मिलकर आत्मपोषण हेतु शान्त समय लेकर आनंद के अपरिमित स्रोत से जोड़ सकता है। आनन्दम सहयोगी विजय उपमन्यु ने सभी प्रतिभागियों को आनन्द की ओर ले जाते हुये लाइफ बेलेन्स शीट के बारे बताते हुए स्वयं से जुड़ने हेतु शान्त समय लेकर आत्मपोषण प्रश्न दिए और अपने अनुभवों को भी व्यक्त किया।

दूसरे दिन 05 सितम्बर को सहभागियों से आत्मपोषण की शेयरिंग आनन्दम सहयोगी विजय उपमन्यु ने जानी और लक्ष्मी कौरव द्वारा प्रार्थना समर्पित की गई। मास्टर ट्रेनर दीप्ती उपाध्याय ने हमारे रिश्ते का विषय सत्र लिया जिसमें उनके साथियों राजा खान, बलवीर सिंह द्वारा अपने अनुभव शेयर किए गये औऱ समापन गीत विजय उपमन्यु द्वारा प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रमों में सक्रिय रूप से लक्ष्मी कौरव, आनंदम सहयोगी विजय उपमन्यु, जितेंद्र बौहरे, डॉ. देवेंद्र शर्मा, डॉ. देवेश शर्मा, खेल प्रशिक्षक संजय पाठक, चंद्रकांत बोहरे , सुनील चोपड़ा आनंदक सहित 40 लोगों की सहभागिता रही ।

समापन दिवस 06 सितम्बर को सत्र में आनन्दम सहयोगी जितेन्द्र बोहरे ने प्रार्थना समर्पित की और इसी अवसर पर राज्य आनंद संस्थान के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अखिलेश अर्गल ने अपने उदबोधन मे आनन्दम प्रसारक कार्यों का विस्तार से उल्लेख किया और जुड़ने का आह्वान किया । उन्होंने कहा कि हम आनंद क्लब का भी गठन कर सकते हैं जिसके माध्यम से हम समाज में शांति और आनंद के बीज बो सकते हैं और स्वयं आनंदित रहकर दूसरों को भी आनंद प्रदान कर सकते हैं । राजा खान ने सी. सी. डी. बलवीर सिंह ने फ्रीडम ग्लास सत्र का संचालन किया । समापन सत्र में प्रतिभागी साथियों द्वारा जिनमें सुनील दुबे, सचेंद्र कांकर, कुलदीप बसेड़िया, वंदना सेंगर, राजेश गुर्जर, अनिल बोहरे, सागर बोहरे, शास्त्री, गणेश पाराशर ,शैलेंद्र सिंह, राजीव त्रिपाठी ,श्रीकांत मिश्रा, रामभरोसे ने अपनी प्राप्त अनुभूतियों को भी व्यक्त किया। सत्र का समापन जितेन्द्र बोहरे आनंदम सहयोगी द्वारा आभार प्रदर्शन के साथ किया गया।

Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
Follow Us :GoogleNews