Gwalior में कोरोना ब्लास्ट, 142 Positive, प्रतिबंधात्मक आदेश जारी

Gwalior में कोरोना ब्लास्ट, 142 Positive, प्रतिबंधात्मक आदेश जारी

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। मध्य प्रदेश में बढ़ती कोरोना पॉजिटिव मरीजों (corona positive patients) की संख्या के बीच ग्वालियर में भी कोरोना ब्लास्ट हुआ है। गुरुवार को ग्वालियर जिले में 142 पॉजिटिव मरीज सामने आये हैं।  नए मरीजों को मिलाकर एक्टिव केस बढ़कर 303 हो गई है।  बढ़ती संख्या को देखते हुए जिला प्रशासन ने धारा 144 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किये हैं।

ग्वालियर जिले में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या (Gwalior Corona News) लगातार बढ़ती जा रही है। गुरुवार को जारी हेल्थ बुलेटिन के अनुसार 3442 मरीजों के सेम्पल में 142 मरीज पॉजिटिव सामने आये हैं। इन्हें मिलाकर अब तक जिले में मिले कुल कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या 53543 हो गई है।  नए 142 पॉजिटिव मरीजों को मिलाकर इस समय जिले में एक्टिव केस की संख्या 330 हो गई है।

ये भी पढ़ें – निर्वाचन आयुक्त को हाई कोर्ट ने व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का दिया नोटिस, ये है मामला

ग्वालियर में बढ़ते मरीजों की संख्या को देखते हुए जिला दण्डाधिकारी कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने धारा-144 के अंतर्गत प्रतिबंधात्मक आदेश जारी करते हुए सभी प्रकार के मेलों (जिसमें समूह इकट्ठा होता है) को प्रतिबंधित करने के आदेश जारी किए हैं। प्रशासन ने शादियों में दोनों पक्षों को मिलाकर 250 लोगों के शामिल होने की अनुमति दी है इसके अलावा  आयोजन के दौरान मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग और सेनेटाइजर के इस्तेमाल नियम का पालन करना अनिवार्य होगा।

ये भी पढ़ें – Gwalior News : शिकार के लिए ट्रेप में फंसाये लकड़बग्घे का रेस्क्यू, पहले तेंदुए को फंसा चुके हैं

जिला दण्डाधिकारी द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि अंतिम संस्कार, उठावनी में अधिकतम 50 व्यक्तियों को ही शामिल होने की अनुमति होगी। इस दौरान भी मास्क एवं सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना अनिवार्य होगा। सार्वजनिक स्थलों पर मास्क का उपयोग किया जाना बंधनकारी रहेगा।

ये भी पढ़ें – ऐसे मनेगा विधायक जी का जन्मदिन, कोरोना से बचाव का यही है सही तरीका

आदेश में कहा गया है कि कोविड उपयुक्त व्यवहार जैसे सोशल डिस्टेंसिंग, सेनेटाइजेशन आदि के उपयोग का पालन सुनिश्चित किया जाएगा।  आदेश का उल्लंघन भारतीय दण्ड संहिता की धारा-188 एवं आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 51 से 60 में दण्डात्मक प्रावधानों के अंतर्गत दण्डनीय होगा।

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews