Gwalior News : बारिश में बदहाल हुई सड़कों का कलेक्टर ने किया निरीक्षण, अधिकारियों को निर्देश तेजी से कराएँ पैच रिपेयरिंग

कलेक्टर श्रीमती चौहान ने जोर देकर कहा कि शहर में जहां बारिश के दौरान जल भराव की स्थिति बनती है वहां पर पानी की निकासी की बेहतर  व्यवस्था की जाए, जिससे वहां बहुत देर तक पानी जमा न रहे। साथ ही कहा कि जिन सड़कों पर गड्ढे हो गए हैं वहां पर अभियान बतौर पैच रिपेयरिंग का कार्य कर गड्ढे भरवाएं।
Gwalior Road Inspection
Gwalior News : ग्वालियर कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान आज बारिश में बदहाल हुई सड़कों की हालत देखने निकलीं, उनके साथ जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ साथ नगर निगम के अधिकारी भी थे, उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पैच रिपेयरिंग तेजी से की जाये, किसी भी सड़क की शिकायत का निराकरण 24 घंटे में हो जाये और दिनभर की रिपेयरिंग की रोज एक रिपोर्ट बनाकर मुझे दी जाये।

शहर की इन सड़कों का कलेक्टर ने किया निरीक्षण 

कलेक्टर श्रीमती चौहान ने बुधवार को सचिन तेंदुलकर मार्ग, अलकापुरी, नए हाईकोर्ट से विवेकानंद चौराहा, चेतकपुरी से आमखो तिराहा होते हुए महाराज बाड़ा, हनुमान चौराहा, जीवाजीगंज, बहोड़ापुर एवं शिंदे की छावनी क्षेत्र की सड़कों का निरीक्षण किया। इस अवसर पर अपर आयुक्त नगर निगम मुनीष सिकरवार, कार्यपालन यंत्री प्रदीप जादौन व सहायक यंत्री पैच रिपेयरिंग हसीन अख्तर सहित अन्य संबंधित अधिकारी उनके साथ थे।

जलभराव न हो,  पानी की निकासी की बेहतर व्यवस्था की जाए

कलेक्टर श्रीमती चौहान ने जोर देकर कहा कि शहर में जहां बारिश के दौरान जल भराव की स्थिति बनती है वहां पर पानी की निकासी की बेहतर  व्यवस्था की जाए, जिससे वहां बहुत देर तक पानी जमा न रहे। साथ ही कहा कि जिन सड़कों पर गड्ढे हो गए हैं वहां पर अभियान बतौर पैच रिपेयरिंग का कार्य कर गड्ढे भरवाएं। उन्होंने कहा कि व्यवस्था ऐसी बनी जाये कि शिकायत के बाद 24 घंटे में सड़क की रिपेयरिंग हो जाये उन्होंने निगम अधिकारियों से रोज पैच रिपेयरिंग कार्य की रिपोर्ट उन्हें भेजने के निर्देश भी दिए।
Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews