दुष्कर्म पीड़िता के परिवार ने छोड़ा गांव, आरोपी के मकान पर चला बुलडोजर, आरोपियों का निकाला जुलूस

Gwalior News

Gwalior News : ग्वालियर जिले के भंवरपुरा थाना क्षेत्र में जिस आदिवासी नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म हुआ था उसके परिवार ने गांव छोड़ दिया है उधर पुलिस ने घटना में शामिल तीसरे आरोपी खदान संचालक के बेटे को भी गिरफ्तार कर लिया है इसके आलावा एक आरोपी बंटी गुर्जर ने मकान पर बुलडोजर चलाकर उसे गिरा दिया है साथ ही सरकारी भूमि पर की जा रही खेती को भी नष्ट कर दिया है , हालांकि पुलिस का कहना है कि आदिवासी परिवार शिवपुरी से भंवरपुरा खदान में काम करने आया था उसे सुरक्षा की द्रष्टि से वापस शिवपुरी भेजा है।

सामूहिक दुष्कर्म का तीसरा आरोपी गिरफ्तार, एक के घर चला बुलडोजर 

ग्वालियर पुलिए ने भंवरपुरा में आदिवासी परिवार की 15 वर्षीय के साथ सामूहिक दुष्कर्म करने वाले तीसरे आरोपी आकाश गुर्जर को भी देर रात गिरफ्तार कर लिया है, आकाश का पिता खदान संचालक है और इसी की खदान में काम करने के लिए आदिवासी परिवार शिवपुरी से ग्वालियर आया था, आकाश ने पुलिस को बताया कि संजीव के साथ बंटी गुर्जर ने भी दुष्कर्म किया था उधर पुलिस ने बंटी गुर्जर के घर पर बुलडोजर चल दिया है, बंटी खुद को किसान बता रहा था जब पुलिस ने जाँच की तो उसकी 20 बीघा सरकारी जमीन पर खेती मिली जिसे भी पुलिस ने नष्ट करवा दिया। अब इस मामले में चौथा आरोपी जण्डेल सिंह गुर्जर फरार है। उसकी तलाश में पुलिस पार्टियाँ लगी हैं। जण्डेल डकैत गुड्डा  गुर्जर गैंग का सदस्य रहा है।

[dgv_vimeo_video id=”909390479″]

दो आरोपियों का निकाला जुलूस, रिमांड ली 

पुलिस ने आरोपी संजीव गुर्जर और बंटी गुर्जर को कल शाम कोर्ट  में पेश किया उससे पहले पुलिस ने दोनों को बाजार में पैदल चलाया फिर कोर्ट परिसर में लेकर गए। प्रभारी पुलिस अधीक्षक ऋषिकेष मीणा ने बताया कि दोनों आरोपियों की रिमांड ली गई है। एक आरोपी बंटी गुर्जर के मकान पर बुलडोजर चलाया गया है। उसने वन विभाग की जमीन पर सरसों की खेती कर रखी थी इसे भी नष्ट करवा दिया गया है।

[dgv_vimeo_video id=”909390244″]

ग्वालियर से अतुल सक्सेना की रिपोर्ट 

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews