Gwalior News : पत्थर माफिया ने पुलिस पर की फायरिंग, जंगल में हो गए गायब

Gwalior News : पत्थर माफिया ने पुलिस पर की फायरिंग, जंगल में हो गए गायब

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। ग्वालियर (Gwalior News) के तिघरा थाना क्षेत्र के जंगल में पत्थर का अवैध उत्खनन कर रहे पत्थर माफिया (Stone Mafia) ने पुलिस पर फायरिंग (Firing On Police) कर दी और फरार हो गए। घटना शनिवार देर रात की है। रात होने के कारण पुलिस जंगल में सर्चिंग नहीं कर सकीय और लौट आई।  आज रविवार को पुलिस (Gwalior Police) ने जंगल की सर्चिंग की।  एसपी का कहना है कि फायरिंग  चिन्हित कर लिए गए हैं जल्दी ही पकड़े जायेंगे।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के निर्देशों के बाद प्रदेश में अवैध काम करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है बावजूद इसके माफिया बेख़ौफ़ अवैध कारोबार में लगा है। ग्वालियर में पत्थर माफिया के हौसले कितने बुलंद हैं इसका अंदाजा से लगाया जा सकता है कि पुलिस पर फायरिंग करने से भी नहीं घबराते।

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एसपी अमित सांघी(Gwalior SP Amit Sanghi) ने बताया कि शनिवार शाम को तहसीलदार ने तिघरा थाना पुलिस को सूचना दी थी कि खेरिया  के जंगल में कुछ लोग पत्थर का अवैध उत्खनन कर रहे हैं। सूचना के बाद पुलिस ने वहां दबिश दी तो जंगल में कुछ लोग जेसीबी से पत्थर निकालते दिखे। पुलिस को देखते ही पत्थर माफिया ने हवाई फायर किये और फरार हो गए। रात होने के कारण पुलिस लौट आई।

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उन्होंने बताया कि आज रविवार को सीएसपी के नेतृत्व में भारी पुलिस फ़ोर्स जंगल में सर्चिंग के लिए भेजा गया। एसपी ने कहा कि फायरिंग करने वाले चिन्हित कर लिए गए हैं जल्दी ही गिरफ्तार किये जायेंगे। आरोपियों के खिलाफ अवैध उत्खनन एवं शासकीय कार्य में बाधा डालने का प्रकरण दर्ज कर लिया गया है।

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Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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