सिंधिया ने सचिन पायलट को फोन कर मांगी ये मदद, मिल रही एक पिता की दुआएं

सिंधिया ने सचिन पायलट को फोन कर मांगी ये मदद, मिल रही एक पिता की दुआएं

ग्वालियर/अतुल सक्सेना

ज्योतिरादित्य सिंधिया (jyotiraditya scindia) हमेशा अपने भाषणों में खुद को जनता का सेवक कहते हैं और ग्वालियर चंबल (gwl-chambal) संभाग की जनता से पारिवारिक रिश्ता बताते हैं और आज उनके एक ट्वीट ने इसे प्रमाणित भी कर दिया। उन्होंने कोरोना संकट में राजस्थान (Rajasthan) में फंसी प्रदेश की एक बेटी के लिए अपने मित्र, कांग्रेस नेता और राजस्थान के उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट (sachin pilot) से फोन पर बात कर मदद मांगी है।

सिंधिया (scindia) के संसदीय क्षेत्र गुना (guna) के रहने वाले आशीष जैन (ashish jain) ने अपनी बेटी अंशिका anshika) को राजस्थान के कोटा (kota) से वापस घर लाने के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (shivraj singh chauhan) और पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया (scindia) को ट्वीट किया था। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह इस ट्वीट पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दे पाए जबकि सिंधिया ने राजस्थान के उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट से फोन पर बात की और आशीष जैन को भरोसा दिलाया कि जल्द ही उनकी बेटी घर लौट आयेगी।

दरअसल गुना में रहने वाले आशीष जैन ने अपनी बेटी अंशिका को कोचिंग के लिए कोटा, राजस्थान (Rajasthan) भेजा था। लेकिन कोरोना के कारण घोषित लॉक डाउन (lockdown) में देशभर के हजारों बच्चों के साथ अंशिका भी वहाँ फंस गई। वो अन्य बच्चों की तरह होस्टल में रह रही है। बेटी की सुरक्षा को लेकर अंशिका के पिता आशीष जैन ने 17 अप्रैल को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और ज्योतिरादित्य सिंधिया को ट्वीट कर मदद की गुहार लगाई थी। आशीष के ट्वीट के बाद सिंधिया ने अपने मित्र कांग्रेस नेता एवं राजस्थान के उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट से अंशिका की वापसी को लेकर फोन पर चर्चा की। सचिन पायलट ने सिंधिया को आश्वस्त किया है कि अंशिका का पूरा ध्यान रखा जाएगा और उसकी सकुशल वापसी के लिए कोशिश की जाएगी। सचिन पायलट से बात करने के बाद सिंधिया ने ट्वीट के जरिये ही आशीष जैन को सचिन पायलट से हुई बातचीत का ब्यौरा देते हुए कहा “प्रिय आशीष, मेरी सचिन पायलट जी से बात हो गई है आपकी बेटी अंशिका की सुरक्षा और उचित देखभाल का पूरा ध्यान रखा जायेगा और जल्दी ही उसके घर वापसी के प्रयास किये जायेंगे।” सिंधिया के इस कदम के बाद जहां एक पिता को राहत भरी उम्मीद जगी है वहीं अन्य लोग भी उनके इस कदम की तारीफ कर रहे हैं।

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