
गुरुग्राम शहर के लोग लंबे समय से बिजली, कचरा, जल निकासी और सड़कों की खराब हालत जैसी कई परेशानियों से जूझ रहे हैं। अब इन समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन ने एक ठोस कार्य योजना तैयार की है। यह योजना मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की निगरानी में बनी है और इसे जल्द ही लागू किया जाएगा। इसका मकसद गुरुग्राम को एक मॉडल शहर के रूप में विकसित करना है, ताकि भविष्य में इसे हरियाणा के अन्य शहरों में भी अपनाया जा सके।
लोगों की राय से बनी यह योजना
इस योजना को तैयार करने से पहले प्रशासन ने नागरिकों, सामाजिक संगठनों, RWA और अन्य संस्थानों से सुझाव लिए। मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर ने छह दिन गुरुग्राम में बिताकर लोगों की शिकायतें और सुझाव सीधे सुने। सोमवार को उन्होंने HIPA संस्थान में दो सत्रों में अलग-अलग अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर सभी मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की।
बिजली हादसों और खराब आपूर्ति पर सख्ती
मानसून में बिजली गिरने और टूटे तारों से हुए हादसों पर अब कड़ी कार्रवाई होगी। खुल्लर ने पुलिस आयुक्त विकास अरोड़ा को निर्देश दिए कि यदि आगे बिजली हादसे होते हैं तो उस क्षेत्र के जूनियर इंजीनियर से लेकर एग्जीक्यूटिव इंजीनियर तक के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए। इसके साथ ही सभी बिजली विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियां नवंबर तक रद्द कर दी गई हैं।
अब अधिकारी खुद फील्ड में जाकर बिजली लाइनों की जांच करेंगे, पेड़ों की कटाई और उसकी सही सफाई सुनिश्चित करेंगे।
कचरा प्रबंधन में लापरवाही पर सख्त एक्शन
शहर में बाहर से लाकर कचरा फेंके जाने की शिकायतें सामने आई थीं। अब ऐसे वाहनों को तुरंत जब्त किया जाएगा और जिम्मेदार एजेंसियों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
साथ ही खुले में कचरा जलाने की घटनाओं पर भी नजर रखी जाएगी। सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में नियमित निगरानी रखें और ऐसे मामलों को तुरंत रोकें।
अफसर खुद उठाएंगे ज़िम्मेदारी, होगा टीमवर्क पर फोकस
खुल्लर ने सभी अधिकारियों से अपील की है कि वे केवल आदेशों पर निर्भर न रहें, बल्कि स्वयं व्यक्तिगत जिम्मेदारी लें। उन्होंने कहा कि हर अधिकारी को अपने घर से ऑफिस तक के रास्ते की देखरेख खुद करनी चाहिए। जब अफसर खुद समस्याओं को महसूस करेंगे, तभी वे आम जनता की तकलीफों को समझ पाएंगे। उन्होंने ज़ोर दिया कि सभी विभाग मिलकर काम करें और टीम भावना से गुरुग्राम को एक आदर्श शहर बनाने में योगदान दें।
