प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 75वें जन्मदिन पर हरियाणा में भाजपा सेवा पखवाड़ा मना रही है। खास बात यह है कि मोदी नब्बे के दशक में हरियाणा भाजपा के प्रभारी रहे और रोहतक, पंचकूला जैसे शहरों में पार्टी कार्यालय उनके ठिकाने थे। उनसे जुड़ी कई यादें आज भी लोगों के बीच चर्चा का विषय हैं। हर बार जब वे हरियाणा आते हैं तो मंच पर पुरानी बातें साझा करते हैं। रोहतक की सांपला रैली में उन्होंने अपने पुराने रसोइए दीपक मंगला को बुलाकर गले लगाया था। यह यादें उनके जनप्रिय नेतृत्व का सबूत हैं।
नामकरण से लेकर त्योहार तक: पीएम मोदी से जुड़े दिलचस्प किस्से
पंचकूला में जिस घर में मोदी रहे, वहाँ एक बार बच्चे के नामकरण में भी उन्होंने मदद की। पर्ची से नाम चुनवाकर ‘दीपम’ नाम रखा गया, जिसे आज परिवार संभाल रहा है। वहीं उन्होंने घर की महिलाओं को साबूदाना खिचड़ी और पोहा बनाना सिखाया और रक्षाबंधन का पर्व दोबारा शुरू करवाया। यह सिर्फ खाना या त्योहार नहीं, बल्कि संस्कारों और रिश्तों को जोड़ने का तरीका था। उन्होंने परिवारों को समझाया कि परंपराओं को जीवित रखना जरूरी है। इससे उनकी सरलता और मानवीय जुड़ाव का अंदाजा मिलता है।
सेवा पखवाड़ा: दौड़, स्वच्छता और पौधरोपण
आज रोहतक में मुख्यमंत्री नायब सैनी ने मानसरोवर पार्क में पौधारोपण किया, झाड़ू लगाकर स्वच्छता अभियान की शुरुआत की और ‘नशा मुक्त हरियाणा’ अभियान के तहत युवाओं के साथ दौड़ लगाई। जेपी नड्डा ने नमो मियावाकी वन में पौधा लगाया। कई जगहों पर लड्डू, जलेबी और रक्तदान शिविर आयोजित हुए। फरीदाबाद, गोहाना, फतेहाबाद समेत कई जिलों में नेताओं ने कार्यक्रमों में भाग लिया। हर जगह एक ही संदेश दिया गया—सेवा, स्वच्छता और स्वस्थ जीवनशैली से ही देश मजबूत बन सकता है।
पीएम मोदी का हरियाणा से गहरा नाता
मोदी का हरियाणा से पुराना रिश्ता सिर्फ राजनीति तक सीमित नहीं है। उन्होंने कई बार स्थानीय लोगों के साथ समय बिताया, उनके त्योहारों में हिस्सा लिया, और उनकी मदद की। रसोई में जाकर पराठा बनाना, बच्चों का नाम रखना, त्योहारों की परंपरा शुरू करना. ये सब उनके व्यवहार की खासियत है। उनके साथ बिताए पल आज भी लोगों की यादों में ताज़ा हैं। सेवा पखवाड़ा सिर्फ उत्सव नहीं, बल्कि उन रिश्तों का उत्सव है, जिन्होंने लोगों के दिल में मोदी को एक नेता से बढ़कर अपना बना दिया है।





