हिमाचल प्रदेश में राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह से ठीक पहले मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को जान से मारने की धमकी मिली है। यह धमकी शिमला के उपायुक्त (DC) कार्यालय को एक ईमेल के जरिए भेजी गई है, जिसमें सीएम पर मानव बम से हमला करने की बात कही गई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है और जांच में जुट गई है।
ईमेल में दी गई आत्मघाती हमले की चेतावनी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, शिमला के DC की आधिकारिक ईमेल आईडी पर यह धमकी भरा मेल आया। इसमें स्पष्ट रूप से लिखा था कि अगर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 26 जनवरी को राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए रिज मैदान पर आते हैं, तो उन पर आत्मघाती हमला किया जाएगा। इस सूचना के बाद प्रशासनिक और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
पुलिस ने दर्ज किया केस, साइबर सेल अलर्ट
डीसी कार्यालय से सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत हरकत में आई। शिमला के सदर थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 351(3), 353(1)(b) और 152 के तहत अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि ईमेल एक गुमनाम आईडी से भेजा गया है, जिसे ट्रेस करने के लिए साइबर विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है।
पुलिस की टीमें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल सबूतों के आधार पर ईमेल भेजने वाले के स्रोत और लोकेशन का पता लगाने में जुटी हैं, ताकि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जा सके।
गणतंत्र दिवस पर सुरक्षा बढ़ाई गई
इस साल राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर आयोजित होना है, जहां मुख्यमंत्री सुक्खू को तिरंगा फहराना है। धमकी के मद्देनजर समारोह स्थल और पूरे शहर में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा के इंतजाम पहले से ही पुख्ता थे, लेकिन अब अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है।
पुलिस ने आम लोगों से भी अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखने में सहयोग करें।
‘भय का माहौल बनाने की साजिश’: पुलिस
हालांकि, पुलिस की शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि यह ईमेल झूठी और भ्रामक जानकारी फैलाकर जनता में डर पैदा करने की एक कोशिश हो सकती है। पुलिस ने इस तरह की हरकत को लोक शांति भंग करने और देश की संप्रभुता, एकता व अखंडता के लिए एक गंभीर खतरा माना है।





