हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज चुनाव में देरी पर BJP का कांग्रेस पर हमला, रणधीर शर्मा ने कहा हार के डर से लोकतांत्रिक प्रक्रिया बाधित कर रही सरकार

हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव टालने को लेकर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने सुक्खू सरकार पर सुप्रीम कोर्ट में SLP दायर कर जानबूझकर चुनाव टालने का आरोप लगाया है। बीजेपी विधायक रणधीर शर्मा ने इसे लोकतंत्र की अवमानना बताते हुए कहा कि सरकार अपनी नाकामियों के कारण जनता का सामना करने से डर रही है।
हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज चुनाव में देरी पर BJP का कांग्रेस पर हमला, रणधीर शर्मा ने कहा हार के डर से लोकतांत्रिक प्रक्रिया बाधित कर रही सरकार

हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं के चुनावों को लेकर सत्तारूढ़ कांग्रेस और विपक्षी दल बीजेपी के बीच टकराव बढ़ गया है। भारतीय जनता पार्टी ने सुक्खू सरकार द्वारा चुनाव टालने के लिए सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका (SLP) दायर करने पर तीखा हमला बोला है। बीजेपी ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस सरकार जानबूझकर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में बाधा डाल रही है क्योंकि वह अपनी संभावित हार से घबरा रही है।

भाजपा विधायक और पार्टी नेता रणधीर शर्मा ने सरकार के इस कदम की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि यह स्पष्ट हो गया है कि कांग्रेस पार्टी चुनाव करवाना ही नहीं चाहती। उन्होंने कहा कि सरकार का रवैया पूरी तरह से तानाशाहीपूर्ण है और यह लोकतंत्र के लिए एक बड़ा खतरा है।

‘लोकतंत्र से भाग रही है कांग्रेस सरकार’

रणधीर शर्मा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार शुरू से ही चुनावों को टालने की साजिश रच रही है। उन्होंने कहा, “हमारे संविधान में स्पष्ट व्यवस्था है कि पंचायती राज संस्थाओं से लेकर लोकसभा तक, सभी चुनाव पांच साल के भीतर करवाना अनिवार्य है। लेकिन सुक्खू सरकार इस लोकतांत्रिक जिम्मेदारी से भाग रही है।”

शर्मा ने सरकार के पिछले कदमों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पहले सरकार ने संवैधानिक संस्था चुनाव आयोग से टकराव मोल लिया और उसके निर्देशों की अनदेखी की। इसके बाद, जब उच्च न्यायालय ने 30 अप्रैल 2026 तक चुनाव कराने के स्पष्ट निर्देश दिए, तो मुख्यमंत्री ने उस पर टिप्पणी करके अदालत की अवमानना जैसा आचरण किया।

“अब सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दायर कर यह सरकार फिर चुनावों को टालने की कोशिश कर रही है। इससे साफ साबित होता है कि सुक्खू सरकार लोकतंत्र में विश्वास नहीं करती।” — रणधीर शर्मा, विधायक, BJP

‘अपनी नाकामियों को छिपाने की कोशिश’

बीजेपी ने चुनाव टालने के पीछे सरकार की विफलताओं को मुख्य कारण बताया है। रणधीर शर्मा ने दावा किया कि कांग्रेस सरकार अपने तीन साल के कार्यकाल में कोई भी जनहित का काम नहीं कर पाई है।

उन्होंने कहा, “न कोई नया विकास कार्य हुआ, न कोई नई जनकल्याणकारी योजना शुरू हुई। इसके विपरीत, पिछली बीजेपी सरकार के समय चल रहे विकास कार्यों को ठप कर दिया गया और कई संस्थानों को बंद कर दिया गया। कांग्रेस सरकार अपनी चुनावी गारंटियां तक पूरी नहीं कर पाई, इसलिए अब यह जनता के बीच जाने से घबरा रही है।”

इसके अलावा, बीजेपी ने पंचायती राज संस्थाओं और शहरी निकायों में चुने हुए जनप्रतिनिधियों को हटाकर प्रशासकों की नियुक्ति को भी एक अलोकतांत्रिक और असंवैधानिक कदम बताया। पार्टी ने मांग की है कि प्रदेश में तुरंत पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव कराए जाएं ताकि जनता को अपने प्रतिनिधि चुनने का अधिकार वापस मिल सके।

Rishabh Namdev
लेखक के बारे में
Rishabh Namdev

4 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव.

मैं ऋषभ नामदेव खेल से लेकर राजनीति तक हर तरह की खबर लिखने में सक्षम हूं। मैं जर्नलिज्म की फील्ड में पिछले 4 साल से काम कर रहा हूं। View all posts by Rishabh Namdev →
Follow Us :GoogleNews