मध्य प्रदेश में गर्मी का कहर जारी है। तापमान में लगातार उछाल देखने को मिल रहा है।इसका असर जनजीवन पर भी देखने को मिल रहा है। जहां सुबह के समय सड़कों पर लोगों की आवाजाही बनी हुई है, वहीं दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा देखने को मिल रहा है।
बुधवार (15 अप्रैल 2026) को प्रदेश के 25 शहरों में पारा 40 डिग्री के आसपास दर्ज किया गया। छतरपुर का नौगांव सबसे ज्यादा गर्म रहा, जहां तापमान 42.4 डिग्री रिकॉर्ड हुआ। वहीं खजुराहो व रतलाम में 42 डिग्री रहा। टीकमगढ़, धार, खरगोन, रीवा, मंडला, सतना, सीधी, शाजापुर में तापमान 41 डिग्री और उज्जैन, ग्वालियर, इंदौर, भोपाल व जबलपुर में तापमान 39 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।
गुरुवार (16 अप्रैल 2026) को प्रदेश के 16 जिलों में लू चलने की चेतावनी जारी की गई है। इनमें रतलाम, झाबुआ, धार, अलीराजपुर, बड़वानी, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, हरदा, बैतूल, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला और बालाघाट शामिल है। इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग भी गर्म रहेंगे। फिलहाल एक हफ्ते मौसम का मिजाज ऐसा ही रहेगा। कहीं भी बादल छाने या बारिश की कोई संभावना नही है। 17 और 18 अप्रैल से बुंदेलखंड के इलाकों में भी गर्मी का प्रकोप और बढ़ने की आशंका है।
मौसम विभाग की मानें तो वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षोभ, चक्रवातीय परिसंचरण और ट्रफ सक्रिय है। उत्तर-पश्चिम भारत के ऊपर, लगभग 176 किमी/घंटा की गति से, माध्य समुद्र तल से 12.6 किमी की ऊंचाई पर जेट स्ट्रीम हवाएं बह रही हैं। एक नया कमजोर पश्चिमी विक्षोभ 16 अप्रैल की रात से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित करने की संभावना है। इसके असर से अप्रैल अंत में ग्वालियर-चंबल, सागर, जबलपुर, रीवा, शहडोल, भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी गर्मी का प्रचंड रुप देखने को मिलेगा। यहां के कई जिलों में तापमान 45 °C तक पहुंचने की संभावना है। इसके अलावा बुंदेलखंड और पूर्वी मध्यप्रदेश (विंध्य क्षेत्र) में हीट वेव चलने की आशंका जताई गई है।







