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इंदौर भागीरथपुरा जलकांड के 22 पीड़ित परिवार अस्थियां लेकर प्रयागराज रवाना, कांग्रेस सेवादल उठा रहा पूरा खर्च

Written by:Rishabh Namdev
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इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से हुई मौतों के मामले में 22 पीड़ित परिवार शनिवार को अस्थियां लेकर प्रयागराज के लिए रवाना हुए। कांग्रेस सेवादल इस यात्रा और धार्मिक संस्कारों का पूरा खर्च उठा रहा है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुआवजे को लेकर सरकार पर भेदभाव का आरोप लगाया है।
इंदौर भागीरथपुरा जलकांड के 22 पीड़ित परिवार अस्थियां लेकर प्रयागराज रवाना, कांग्रेस सेवादल उठा रहा पूरा खर्च

शहर के भागीरथपुरा इलाके में कुछ समय पहले हुए दूषित जलकांड में अपने प्रियजनों को खो चुके 22 परिवार शनिवार सुबह अस्थि कलश लेकर प्रयागराज के लिए रवाना हुए। कांग्रेस सेवादल द्वारा आयोजित इस यात्रा में सभी धार्मिक संस्कारों का खर्च उठाया जा रहा है। इस दौरान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे और उन्होंने पीड़ितों के लिए मुआवजे की राशि पर सवाल उठाए।

शनिवार सुबह मामाजी की धर्मशाला से भागीरथपुरा चौराहे तक मंत्रोच्चार के बीच अस्थि कलशों को विदाई दी गई। इस भावुक क्षण में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, सेवादल के प्रदेश अध्यक्ष अवनीश भार्गव और शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे भी शामिल हुए।

प्रयागराज में होंगे धार्मिक संस्कार

कांग्रेस सेवादल के शहर अध्यक्ष मुकेश यादव ने जानकारी दी कि प्रयागराज में गंगा तट पर सनातन परंपरा के अनुसार सभी धार्मिक विधियां संपन्न कराई जाएंगी। उन्होंने बताया कि बनारस से आए विद्वान पंडितों द्वारा अस्थि विसर्जन, पिंडदान, तर्पण और दान के कार्यक्रम कराए जाएंगे। प्रयागराज में होने वाले इस कार्यक्रम में कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव सत्यनारायण पटेल और उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष व प्रयागराज के सांसद अजय राय भी शामिल होंगे। व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से चलाने के लिए 10 कांग्रेस कार्यकर्ताओं की एक टीम पहले ही प्रयागराज पहुंच चुकी है।

पटवारी ने मुआवजे पर उठाए सवाल

इस मौके पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने राज्य सरकार और नगर निगम पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम की लापरवाही से 36 लोगों की जान चली गई।

“नगर निगम अपने कर्मचारियों की मृत्यु पर 30 लाख रुपये से अधिक का मुआवजा देता है, लेकिन भागीरथपुरा के इन गरीब परिवारों को सिर्फ दो-दो लाख रुपये देकर भेदभाव किया गया।” — जीतू पटवारी, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष

पटवारी ने इस मुआवजे को अपर्याप्त और भेदभावपूर्ण बताते हुए सरकार की मंशा पर सवाल खड़े किए। उल्लेखनीय है कि भागीरथपुरा में नगर निगम द्वारा की गई दूषित पानी की सप्लाई के कारण डायरिया फैल गया था, जिससे कई लोगों की मौत हो गई थी। कुछ पीड़ित परिवार पहले ही अपने स्तर पर नर्मदा नदी में अस्थि विसर्जन कर चुके हैं।

Rishabh Namdev
लेखक के बारे में
मैं ऋषभ नामदेव खेल से लेकर राजनीति तक हर तरह की खबर लिखने में सक्षम हूं। मैं जर्नलिज्म की फील्ड में पिछले 4 साल से काम कर रहा हूं। View all posts by Rishabh Namdev
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