इंदौर क्राइम ब्रांच पुलिस ने ऑनलाइन सट्टेबाजी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लैपटॉप, मोबाइल फोन, चेकबुक और अन्य सामग्री जब्त की है। डीसीपी राजेश त्रिपाठी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर पूरे मामले की विस्तृत जानकारी दी है।
जानकारी अनुसार, इंदौर क्राइम ब्रांच को मुखबिर से सूचना मिली थी कि महालक्ष्मी नगर स्थित एक फ्लैट में ऑनलाइन सट्टेबाजी और मल्टी गेम्स के विकल्प संचालित हो रहे हैं। सूचना के आधार पर क्राइम ब्रांच की टीम ने तत्काल छापेमार कार्रवाई करते हुए मौके से तीन आरोपियों यश शुक्ला, आकाश जिंदल और गौरव यादव को गिरफ्तार किया। वहीं, पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लैपटॉप, मोबाइल फोन, बैंकिंग दस्तावेज और अन्य सामग्री जब्त की है। जब्त सामग्री की अनुमानित कीमत करीब 2 लाख 97 हजार रुपये बताई जा रही है।
टेलीग्राम के जरिए जुड़े थे तीनों आरोपी
डीसीपी राजेश त्रिपाठी ने मीडिया से बातचीत करते हुये बताया कि तीनों आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टेलीग्राम के माध्यम से जुड़े थे और पहले से ही ऑनलाइन सट्टेबाजी का संचालन कर रहे थे। पुलिस अधिकारी ने बताया कि.. सट्टेबाजी का मास्टरमाइंड आकाश जिंदल था जिसने यश शुक्ला और गौरव यादव को ऑनलाइन सट्टे के काम में रखा था। आरोपी एक सॉफ्टवेयर powerdreams.com के जरिये ऑनलाइन कैसीनो और अन्य तरह के गेम्स पर सट्टा संचालित कर रहे थे।
तीनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी पुलिस
उन्होंने आगे बताया कि पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक रजिस्टर भी बरामद किया है जिसमें करोड़ों रुपये के लेन-देन का हिसाब दर्ज होने की बात सामने आई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि सट्टेबाजी के जरिए कमाए गये पैसे का इस्तेमाल और लेन-देन कहां-कहां किया गया। इसके अलावा, लैपटॉप और मोबाइल फोन से भी महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है। वहीं, डीसीपी ने बताया कि पुलिस आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी ताकि ऑनलाइन सट्टेबाजी के इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचा जा सके।
इंदौर से शकील अंसारी की रिपोर्ट





