इंदौर में त्योहार के दौरान मिठाई और नमकीन की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और साफ-सफाई की जांच के लिए खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। दरअसल बुधवार 28 अक्टूबर को खाद्य विभाग की टीम ने नमकीन क्लस्टर के साथ गांधीनगर और नैनोद इलाके में भी खाद्य कारोबार करने वाले प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया।

वहीं जांच के दौरान खाद्य पदार्थ बनाने की जगह, सफाई, सामान रखने के तरीके और खाद्य सुरक्षा के नियमों पर ध्यान दिया गया। विभाग के मुताबिक निरीक्षण किए गए प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई की व्यवस्था संतोषजनक मिली। हालांकि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता का पता लैब जांच के बाद ही चलेगा।

मिठाई और नमकीन की दुकानों से लिए गए सैंपल

दरअसल खाद्य सुरक्षा प्रशासन की टीम ने नमकीन क्लस्टर स्थित जैन मिठाई भंडार का निरीक्षण किया। यहां काजू कतली, मीठा मावा और नमकीन सेव समेत 4 सैंपल लिए गए। शंकर फूड प्रोडक्ट्स में आलू चिप्स और अलग-अलग तरह के नमकीन बनाए जा रहे थे। यहां से नमकीन के 3 सैंपल जांच के लिए लिए गए। आशा फूड्स का भी निरीक्षण किया गया जहां साफ-सफाई की व्यवस्था संतोषजनक पाई गई। इसके अलावा जैन फूड प्रोडक्ट्स से आलू चिप्स, रतलामी सेव और आलू लच्छा के 3 सैंपल लिए गए। जैन श्री मार्केटिंग से उज्जैनी सेव, मीठा मिक्सचर और लौंग सेव के 3 सैंपल जांच के लिए इकट्ठा किए गए। इन सभी प्रतिष्ठानों के संचालकों को निर्माण के दौरान सफाई रखने, कच्चे और तैयार खाद्य पदार्थों को अलग रखने और तैयार सामान को धूल व गंदगी से बचाने के निर्देश दिए गए।

दूध, घी और मावा मिठाई की जांच

वहीं नमकीन क्लस्टर के अलावा खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम गांधीनगर और नैनोद भी पहुंची। गांधीनगर स्थित राधा कृष्ण दूध डेयरी से दही और घी के 2 सैंपल लिए गए। बीकानेर स्वीट्स में मावा पेड़ा का एक सैंपल जांच के लिए इकट्ठा किया गया। वहीं नैनोद स्थित महालक्ष्मी नमकीन एवं स्वीट्स से मावा मिठाई, मावा रोल और नमकीन के 3 सैंपल लिए गए। विभाग ने सभी कारोबारियों को खाद्य पदार्थ बनाने और रखने के दौरान सफाई का ध्यान रखने के निर्देश दिए। साथ ही मिठाइयों और नमकीन को सुरक्षित तरीके से रखने, खाद्य सामग्री को ढककर रखने और उपकरणों की नियमित सफाई करने को कहा गया। अधिकारियों के अनुसार लिए गए सभी सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे जाएंगे। रिपोर्ट आने के बाद नियमों के मुताबिक आगे की कार्रवाई होगी।

शकील अंसारी, इंदौर