इंदौर में रंगपंचमी का उत्सव हर साल बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस दिन राजवाड़ा क्षेत्र में निकलने वाली गेर में हजारों लोग शामिल होते हैं और शहर रंगों में सराबोर हो जाता है। लेकिन इस बार प्रशासन ने व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़ी सख्ती दिखाई।

रविवार को रंगपंचमी के अवसर पर पुलिस ने राजवाड़ा क्षेत्र में उपद्रव करने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने गेर के दौरान अव्यवस्था फैलाने वाले युवकों को पकड़कर बसों में बैठाया और कई लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद पूरे क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने में काफी मदद मिली और माहौल नियंत्रित रहा।

16 उपद्रवियों के खिलाफ हुई कार्रवाई

पुलिस के अनुसार गेर के दौरान उपद्रव और अव्यवस्था फैलाने वाले कुल 16 लोगों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई। इन सभी को पकड़कर एसीपी कोर्ट के सामने पेश किया गया।

इसके अलावा अलग-अलग टीमों ने लगभग 100 से अधिक लोगों को पकड़कर एमजी रोड और सराफा थाने पहुंचाया। बाद में जांच और पूछताछ के बाद कई लोगों को चेतावनी देकर छोड़ा गया, जबकि 16 लोगों पर सख्त कार्रवाई की गई। पुलिस का कहना है कि गेर के दौरान जूते-चप्पल फेंकने, रामरज फेंकने और अन्य तरह की अव्यवस्था फैलाने वालों पर नजर रखी जा रही थी।

स्कूल बसों को बनाया गया अस्थायी जेल

रंगपंचमी के दौरान बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की वजह से पुलिस ने पहले से ही विशेष तैयारी की थी। उपद्रवियों को पकड़ने के लिए स्कूल बसों को अस्थायी जेल के रूप में इस्तेमाल किया गया।

गेर के दौरान जो लोग नियमों का उल्लंघन करते हुए पाए गए, उन्हें तुरंत पकड़कर इन बसों में बैठा दिया गया। बाद में उन्हें थाने ले जाकर कार्रवाई की गई। पुलिस की इस व्यवस्था के कारण मौके पर ही उपद्रवियों को नियंत्रित करने में मदद मिली और भीड़ में अव्यवस्था फैलने से रोका जा सका।

डेढ़ सौ से ज्यादा कड़े उतरवाए

गेर के दौरान पुलिस ने कई युवकों के हाथों में पहने कड़े भी उतरवाए। पुलिस ने करीब डेढ़ सौ लोगों के कड़े जब्त किए और उनकी तलाशी भी ली। पुलिस का कहना है कि गेर के दौरान कई बार लोग कड़े या अन्य चीजों का इस्तेमाल कर दूसरों को नुकसान पहुंचा सकते हैं। इसलिए सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कार्रवाई की गई। इस दौरान पुलिस की टीम लगातार लोगों की जांच और निगरानी करती रही।

वरिष्ठ अधिकारियों की रही नजर

रंगपंचमी के दौरान राजवाड़ा क्षेत्र की निगरानी के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी मौके पर मौजूद थे। एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून) अमित सिंह राजवाड़ा चौक पर तैनात रहे और पूरी स्थिति पर नजर रखते रहे।

वहीं पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह कंट्रोल रूम से पूरे आयोजन की निगरानी कर रहे थे। शहर के कई हिस्सों में पुलिस बल तैनात किया गया था ताकि कहीं भी कोई अप्रिय घटना न हो।

महिलाओं की सुरक्षा के लिए विशेष दस्ता

रंगपंचमी के दौरान महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी पुलिस ने विशेष व्यवस्था की थी। इस बार गेर में महिलाओं की सुरक्षा के लिए अलग से विशेष दस्ता बनाया गया था। इस टीम की जिम्मेदारी एडिशनल डीसीपी जोन-1 मीना चौहान को दी गई थी। राजवाड़ा के आसपास करीब 50 महिला पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था।

महिलाओं पर रंग फेंकने या उन्हें परेशान करने की कोशिश करने वालों पर भी सख्त कार्रवाई की जा रही थी। कई लोगों को मौके पर ही पकड़कर पुलिस ने समझाइश दी।

व्यवस्था बनाए रखने के लिए सख्त कदम

पुलिस का कहना है कि रंगपंचमी जैसे बड़े आयोजनों में हजारों लोगों की भीड़ जुटती है। ऐसे में व्यवस्था बनाए रखना बड़ी चुनौती होती है। इसी वजह से इस बार पुलिस ने पहले से ही सख्त रणनीति तैयार की थी। गेर के पूरे रास्ते में पुलिस बल तैनात किया गया था और लगातार निगरानी रखी जा रही थी। इस कार्रवाई के कारण रंगपंचमी का उत्सव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ और किसी बड़ी घटना की सूचना नहीं मिली।