ईरान में बिगड़ते हालात और अमेरिका के साथ बढ़ते तनाव के बीच युद्ध जैसे हालात बन गए हैं। ईरान ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है, जिससे कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानें प्रभावित हुई हैं। इसी बीच, अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर ‘अब्राहम लिंकन’ मिडिल ईस्ट की ओर रवाना हो गया है। इन घटनाओं को देखते हुए भारत ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों को जल्द से जल्द देश छोड़ने की सलाह दी है।
ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों पर कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। नॉर्वे स्थित ईरान ह्यूमन राइट्स (IHR) एनजीओ के मुताबिक, अब तक की कार्रवाई में 3,428 से ज्यादा प्रदर्शनकारियों की मौत हो चुकी है और 10,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
भारत ने जारी की एडवाइजरी
तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने बुधवार को एक एडवाइजरी जारी की। इसमें ईरान में रह रहे भारतीय नागरिकों और भारतीय मूल के लोगों (PIO) से पूरी सतर्कता बरतने की अपील की गई है। दूतावास ने कहा है कि वे उपलब्ध साधनों, खासकर कमर्शियल फ्लाइट्स के जरिए देश छोड़ दें। साथ ही प्रदर्शन वाले इलाकों से दूर रहने और दूतावास के संपर्क में बने रहने की सलाह दी गई है।
इससे पहले भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से फोन पर बात की थी। जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर जानकारी दी, ‘ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची का फोन आया। हमने ईरान और उसके आसपास के बदलते हालात पर चर्चा की।’
प्रदर्शनकारी की फांसी पर विरोधाभासी खबरें
ईरान में विरोध प्रदर्शनों के बाद पहली फांसी की खबर भी सामने आई। रिपोर्टों के अनुसार, 26 वर्षीय प्रदर्शनकारी इरफान सुल्तानी को मौत की सजा सुनाई गई थी। हालांकि, बाद में मानवाधिकार संगठनों ने दावा किया कि उनकी फांसी फिलहाल टाल दी गई है, लेकिन उनकी जान को खतरा बना हुआ है।
वहीं, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने फॉक्स न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में इन दावों का खंडन किया। उन्होंने कहा, ‘प्रदर्शनकारियों को फांसी देने की कोई योजना नहीं है। फांसी का सवाल ही नहीं उठता।’
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ा तनाव
ईरान में प्रदर्शनों पर हो रही कार्रवाई को लेकर अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरानी नागरिकों से प्रदर्शन जारी रखने की अपील करते हुए कहा था कि ‘मदद रास्ते में है’। इस पर ईरान ने कड़ी आपत्ति जताते हुए अमेरिका पर राजनीतिक अस्थिरता फैलाने और हिंसा भड़काने का आरोप लगाया।
एयरस्पेस बंद होने से उड़ानें प्रभावित
ईरान द्वारा अचानक एयरस्पेस बंद किए जाने का असर अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर पड़ा है। इंडिगो एयरलाइंस ने एक ट्रैवल एडवाइजरी जारी कर कहा, “ईरान द्वारा अचानक एयरस्पेस बंद किए जाने के कारण हमारी कुछ अंतरराष्ट्रीय उड़ानें प्रभावित हुई हैं। हमारी टीमें स्थिति का आकलन कर रही हैं और प्रभावित यात्रियों को बेहतर विकल्प उपलब्ध कराने के लिए काम कर रही हैं।”
ईरान में ये विरोध प्रदर्शन दिसंबर के अंत में खराब अर्थव्यवस्था और महंगाई के खिलाफ शुरू हुए थे, लेकिन जल्द ही ये देश की धार्मिक सत्ता के खिलाफ हो गए, जिसमें सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई को निशाना बनाया गया।





