तेजाब काण्ड: पुरानी रंजिश में दो युवकों पर फेंका तेजाब, हमलावर पिता-पुत्र गिरफ्तार

तेजाब काण्ड: पुरानी रंजिश में दो युवकों पर फेंका तेजाब, हमलावर पिता-पुत्र गिरफ्तार

जबलपुर, संदीप कुमार| जबलपुर शहर की सीमा से लगे पनागर (Panagar) में तेजाब कांड (Acid Attack Case) हुआ है| इस वारदात में दो युवक बुरी तरह झुलस गए जिन्हें इलाज के लिए शहर के निजी अस्पताल (Hospital) में भर्ती किया गया है। वहीं पुलिस (Police) ने इस तेजाब कांड को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार (Arrest) कर लिया है, पनागर पुलिस की गिरफ्त में आए दोनों ही आरोपी पिता-पुत्र हैं।

पुरानी रंजिश को दिया गया अंजाम
बताया जा रहा है कि कमानिया गेट के पास रहने वाले पिता-पुत्र नंदन चौधरी और छोटू चौधरी से घायल युवक प्रजल मिश्रा और वासु केसरवानी का पुराना विवाद चल रहा था,इससे पहले भी दोनों ही पक्ष के लोग का विवाद हो चुका था पर पुलिस की समझाइश के बाद हर बार मामला शांत हो जाया करता था।

पुराना विवाद फिर उखड़ा, और फेंक दिया तेजाब
काफी दिनों से चले आ रहा पुराना विवाद अब तक पूर्णता पुरानी रंजिश में बदल चुका था, आज एक बार फिर नंदन चौधरी और उसके बेटे छोटू चौधरी से प्रजल मिश्रा और वासु केसरवानी का विवाद हो गया कुछ ही देर में यह विवाद इतना ज्यादा बढ़ गया कि नंदन और उसके बेटे ने दोनों ही युवकों पर तेजाब फेंक दिया, इस घटना में दोनों ही युवक बुरी तरह झुलस गए जिन्हें इलाज के लिए अब निजी अस्पताल में भर्ती किया गया है।

पुलिस ने पिता-पुत्र को किया गिरफ्तार
तेजाब कांड वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी नंदन चौधरी और उसका बेटा छोटू चौधरी मौके से फरार हो गए, इधर पुलिस ने प्रजल मिश्रा और वासु केसरवानी की शिकायत पर मामला दर्ज कर दोनों ही आरोपियों की तलाश शुरू कर दी, जिसके बाद पुलिस ने दोनों ही आरोपियों को महाराजपुर से गिरफ्तार किया है।फिलहाल घायल दोनों ही युवकों का इलाज अभी निजी अस्पताल में जारी है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews