अब जबलपुर में रहेगा तीन दिन लॉक डाउन

अब जबलपुर में रहेगा तीन दिन लॉक डाउन

जबलपुर/ संदीप कुमार

जिले में भी धीरे-धीरे कोरोना अपने पैर पसार रहा है, दिनोंदिन लगातार बढ़ते कोरोनावायरस पॉजिटिव के केस को देखते हुए जिला प्रशासन ने लॉकडाउन के दिनों में बढ़ोतरी कर दी है। अभी तक जबलपुर नगर निगम की सीमा में 2 दिन का लॉक डाउन रहता था पर इस बार लॉकडाउन बढ़ाकर 3 दिन का कर दिया गया है

शुक्रवार की रात से मंगलवार की सुबह तक रहेगा टोटल लॉकडाउन

कोरोना काल मे आने वाले त्योहार को देखते हुए जबलपुर जिला प्रशासन ने लॉक डाउन को सख्त कर दिया है और निर्णय लिया गया है कि आगामी शुक्रवार की रात से मंगलवार की सुबह तक टोटल लॉक डाउन रहेगा। ये लॉक डाउन नगर निगम सीमा पर प्रभावित रहेगा।लॉक डाउन के दौरान कलेक्टर ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए है कि आदेश का सख्ती से पालन किया जाए।

त्योहार के चलते बढ़ाया गया है लॉकडाउन

1 जुलाई को ईद और उसके बाद फिर 3 जुलाई को रक्षाबंधन त्योहार है, लिहाजा त्योहार में बड़ी संख्या में लोग अपने-अपने घरों से बाहर निकलते हैं, जिसके चलते कोरोना के केसों में बढ़ोतरी हो सकती है । यही वजह है कि जबलपुर कलेक्टर ने इस बार निर्णय लिया है कि त्योहारों को देखते हुए लॉकडाउन को 2 दिन की जगह 3 दिन किया जाएगा।

जबलपुर के पड़ोसी जिले में लगाया गया है टोटल लॉकडाउन

राजधानी भोपाल के साथ-साथ जबलपुर के पड़ोसी जिले कटनी में भी टोटल लॉकडाउन कर दिया गया है। कहा यह भी जा रहा है कि कटनी के साथ साथ जबलपुर से लगे अन्य जिलों में भी लॉकडाउन त्योहारों को देखते हुए किया जा सकता है। इस लॉकडाउन में जिला प्रशासन ने सभी लोगों से अपील की है कि त्योहार के दिनों में वह अपने घरों पर ही रहे और फोन पर ही अपने रिश्तेदारों और परिजनों से बात करें।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews