जबलपुर में पॉयलट प्रोजेक्ट ‘ई-मीडिएशन‘ के तहत 482 मामलों की हुई ऑनलाइन मध्यस्थता

जबलपुर में पॉयलट प्रोजेक्ट ‘ई-मीडिएशन‘ के तहत 482 मामलों की हुई ऑनलाइन मध्यस्थता

जबलपुर, संदीप कुमार। हाई कोर्ट के निर्देश पर मध्यप्रदेश के तीन जिले ग्वालियर (Gwalior) भोपाल (Bhopal) और जबलपुर (Jabalpur) में समा पायलट प्रोजेक्ट (Sama Pilot Project) चलाया जा रहा है। जिस में जबलपुर सबसे आगे है। एसपी के निर्देश पर जिले के 33 थानों में संचालित ऊर्जा महिला हेल्प डेस्क के माध्यम से समा पॉयलट प्रोजेक्ट ‘ई-मीडिएशन‘ चलाया गया जहाँ 482 मामलों की ऑनलाइन मध्यस्थता कराई गई है।

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हाई कोर्ट के मुख्य न्यायधीश मोहम्मद रफीक, मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर, संरक्षक म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जबलपुर के द्वारा 10 सितम्बर को शुभारंभ किये गये पायलट प्रोजेक्ट ‘समा’ में पुलिस अधीक्षक जबलपुर सिद्धार्थ बहुगुणा के नेतृत्व में आज तक जिले के कुल 1901 प्रकरण जिनमें पारिवारिक विवाद, छोटे मोटे झगड़े, पडोसियों के झगड़े, मकान मालिक एवं किरायेदार, संबंधित सामाजिक मामूली झगडों एवं व्यापार से संबंधित विवाद, तनावपूर्ण एवं रिश्तों से खटास से उत्पन्न होने वाले मामलों को इस प्रोजेक्ट के माध्यम से निपटाया गया है। इसमें जिले के 33 थानों मे संचालित ऊर्जा महिला हेल्प डेस्क की मेहनत अहम रही जिन्होंने ऑनलाईन मध्यस्थता के माध्य्म से इसे निपटाया, अभी तक 218 पारिवारिक विवाद, 78 पड़ोसियों से संबंधित विवाद तथा 186 ससुराल पक्ष की प्रताड़ना से संबंधित विवाद में समझौता करवाया गया है।

यह संपूर्ण प्रक्रिया अत्यंत गोपनीय एवं विधिक सेवा प्राधिकरण के अनुभवी मीडिएटर से कराई जाती है, समा प्रोजेक्ट के तकनीकी सहयोग से मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण इस प्रोजेक्ट का संचालन कर रहा है जिसमें उर्जा डेस्क के मध्यस्थता वाले प्रकरण को 07 दिवस में ऑनलाइन मध्यस्थता से सुलझाया जाता है, दोनो पक्षकारों के बीच साफ वातावरण स्थापित कर घर पर रहते हुये फोन के माध्यम से उनके प्रकरणों का त्वरित निराकरण किया जाता है, यह प्रकिया सुरक्षित कुशल एवं संपर्क मुक्त है। जिले के ऊर्जा डेस्क प्रभारी थाने में आने वाली समाधान योग्य शिकायतों को मध्यप्रदेश कानूनी सेवा के संरक्षण में ऑनलाइन मध्यस्थता के समा पोर्टल में भेजते हैं, जिसका समा टीम द्वारा एंड टू एंड मैनेजमेंट किया जाता है।

इस योजना का प्रमुख उद्देश्य तकनीकी भागीदारी से सरल, सहज, एवं त्वरित न्याय प्रदान करना है। यह योजना वर्तमान में मध्य प्रदेश के प्रमुख तीन शहर ग्वालियर, भोपाल एवं जबलपुर में ऊर्जा महिला हेल्प डेस्क के साथ संयुक्त रूप से संचालित की गई है।

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